सिरसा के गांव खैरेकां में जन संवाद कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री मनोहर लाल के समक्ष आम आदमी पार्टी कार्यकर्ताओं ने मुर्दाबाद के नारे लगा दिए। नारेबाजी शुरू होते ही मुख्यमंत्री को वहां से सुरक्षित बाहर निकाल दिया। वहीं पुलिस ने सभी प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया और अपने साथ ले गई। इस दौरान आम आदमी पार्टी के जिला प्रधान विरेंद्र सिंह एडवोकेट, सुरजीत सिंह बेगू सिंह अन्य कार्यक्रर्ता उपस्थित रहे। पुलिस ने सभी कार्यकर्ताओं को धक्के मारकर उन्हें मुख्यमंत्री के काफिले से दूर कर दिया। इसके पश्चात मुख्यमंत्री का काफिला बडागुढ़ा के गांव कालांवाली में पहुंच कर संवाद कार्यक्रम करेंगे।
सरपंचों को किया नजरबंद
मुख्यमंत्री मनोहर लाल सिरसा में जनसंवाद कार्यक्रम को लेकर विरोध प्रदर्शन करने की चेतावनी देने वाले सरपंचों व किसानों को पुलिस की ओर से पहले ही नजरबंद कर दिया गया। सरपंचों व किसानों के घरों पर भारी पुलिस बल तैनात कर उनके मोबाइल फोन तक बंद कर दिए गए है। हालांकि सरपंच एसोसिएशन की प्रदेश उपप्रधान संतोष बैनीवाल ने एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर जारी किया है। जिसमें उनके फार्म हाउस पर पुलिस बल तैनात किया गया है।
सिरसा के गांव खैरेकां में पहुंचने पर मुख्यमंत्री का किया गया स्वागत
वहीं सुबह साढ़े 10 बजे मुख्यमंत्री मनोहर लाल, सांसद सुनीता दुग्गल सिरसा के गांव खैरेकां में पहुंची है। यहां पर मार्केटिंग बोर्ड के चेयरमैन आदित्य देवीलाल चौटाला, पूर्व विधायक मक्खन लाल सिंगला, पूर्व विधायक बलकौर सिंह ने उनका स्वागत किया है। वहीं उपायुक्त पार्थ गुप्ता, पुलिस अधीक्षक उदय सिंह मीणा भी उपस्थित रहे।
किसानों के भी नंबर आ रहे बंद, चपे चपे पर तैनात हुआ पुलिस बल
खैरेकां के सरकारी स्कूल में संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया है । यहां पर मुख्यमंत्री लोगों के साथ सीधा संवाद करेंगे। वहीं सुरक्षा की दृष्टि से गांव के आने जाने वाले रास्तों पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। हालांकि सरपंचों, किसानों सहित विरोध प्रदर्शन करने की चेतावनी देने वाले सभी संगठनों के सदस्यों को पुलिस की ओर से पहले ही नजर बंद कर दिया गया है। उनको घर से बाहर निकलने तक की अनुमति नहीं दी गई।
महिला सरपंच बोलीः सरकार हुई तानाशाही, जरूर निकलेंगे बाहर
वहीं प्रदेश सरपंच एसोसिएशन की उपप्रधान संतोष बैनीवाल ने कहा कि सरकार अच्छे काम कर रही है। सरकार तानाशाही तरीके पर उतरी हुई है। किसी को बोलने का मौका नहीं दिया जा रहा। आज वह सरकार का मुकाबला करने वाले थे लेकिन उससे पहले ही उनके घर पर पुलिस बल को तैनात कर दिया गया है। वह घर से बाहर फार्म हाउस पर आई थी। यहां पर भनक लगते ही पुलिस बल तैनात कर उन्हें नजरबंद कर दिया गया है। वहीं उन्होंने बताया कि उनका फोन भी बंद किया गया है। जबकि अन्य सदस्यों को भी नजरबंद किया गया है। वहीं उन्होंने कहा कि अगर पुलिस बल तैनात है तो फिर भी उनका प्रयास रहेगा की वह वहां से निकल कर सीएम का विरोध करे। वह मांगों को लेकर रोष जता रहे है।