रोहतक-दिल्ली रोड पर सीवर लाइन बिछाने के बाद अब सड़क बनाने का कार्य शुरू कर दिया गया है। पीडब्ल्यूडी तिलियार से आईएमटी चौक तक निर्माण कार्य कराने में जुट गया है। पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों ने दिसंबर तक कार्य पूर्ण होने की संभावना जताई है। वहीं, भिवानी रोड बनाने के लिए टेंडर प्रक्रिया भी चलने की कही है। जल्द ही उसका निर्माण भी शुरू कर दिया जाएगा।
अमरूत योजना के तहत दिल्ली रोड और भिवानी रोड पर डेढ़ साल से सीवर लाइन बिछाने का काम चल रहा है। यह अभी तक पूर्ण नहीं हो सका है। नगर निगम योजना के तहत पीडब्ल्यूडी बीएंडआर से सड़क बनवा रहा है। पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों का कहना है कि सड़क बनाने का काम देरी से मिला है, जिससे दिक्कत हो रही है। तिलियार से आईएमटी चौक तक सड़क बनाने का काम शुरू कर दिया है। बारिश के कारण निर्माण कार्य प्रभावित हो रहा है। भिवानी रोड बनाने के टेंडर की प्रक्रिया चल रही है, जल्द ही काम शुरू करवा दिया जाएगा। दिसंबर तक काम पूरा होने की उम्मीद है।
आवागमन में आ रही बाधा, संकेतक नहीं होने से हादसे की आशंका
धीमी गति से काम होने की वजह से लोगों को आवागमन करने में बाधा आ रही है। सबसे ज्यादा गंभीर समस्या तिलियार से आईएमटी चौक तक की दूरी तय करने हो रही है। वाहन चालकों को सुरक्षित चलने के लिए बार-बार दिशा बदलनी पड़ रही है। ऐसे में मार्ग पर अधिकतर स्थानों पर संकेतक नहीं होने से हादसे की आशंका बनी हुई है। उधर, बारिश होने से सड़क पर मिट्टी से फिसलन भी बढ़ गई है। इससे कई दोपहिया वाहन चालक घायल हो चुके हैं। यही हालात भिवानी रोड पर भी है।
दोनों सड़क बनाने के लिए 6.63 करोड़ रुपये का बजट
4.13 करोड़ रुपये में तिलियार से आईएमटी चौक सड़क बनाने का काम शुरू हो गया है। भिवानी रोड बनाने के लिए ढाई करोड़ रुपये का ठेका उठाने की प्रक्रिया चल रही है।
कोरोना के कारण कार्य में देरी हुई
कोरोना महामारी की वजह से अमरूत योजना के तहत होने वाले कामों में देरी हुई है। पीडब्ल्यूडी को पहले ही सड़क बनाने के लिए कहा गया और करीब साढ़े तीन करोड़ रुपये दिए जा चुके हैं। शेष धनराशि जल्द ही दे दी जाएगी।
-मनजीत दहिया, अधिशासी अभियंता, नगर निगम
बारिश के बाद तेजी से होगा काम
-दिल्ली रोड पर सड़क बनाने का काम शुरू हो गया है। जल्द टेंडर प्रक्रिया पूरी करके भिवानी रोड बनाने का काम चालू करवा देंगे। बारिश के बाद तेजी से काम शुरू होगा। दिसंबर तक काम पूरा होने की संभावना है।
-अशोक कुमार, अधीक्षण अभियंता पीडब्ल्यूडी