हरियाणा के रोहतक में शिक्षा विभाग की लिपिक के बेटे को चंडीगढ़ पुलिस में खेल कोटे से नौकरी लगवाने के नाम पर 7 लाख की ठगी का मामला सामने आया है। आरोपियों में लिपिक का मौसेरा भाई, भाभी व भाई का दोस्त शामिल हैं।पुलिस के मुताबिक फतेहपुरी कॉलोनी निवासी अनीता ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह शिक्षा विभाग में लिपिक है।
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उसकी ड्यूटी जींद के जुलाना में है। उसके बेटे अभिषेक ने बीटेक की पढ़ाई की है, लेकिन रोजगार नहीं मिला। गुरुग्राम के झाड़सा में उसकी मौसी का बेटा राजेश परिवार सहित रहता है। राजेश का फोन आया कि एक युवक नौकरी लगवाता है, कहो तो अभिषेक के बारे में बात करें। इसके बाद राजेश ने कहा कि छारा गांव निवासी नवीन उसका रिश्तेदार है, जिसकी ऊपर तक पहुंच है।
इसके बाद राजेश ने नवीन से बात करवाई। नवीन ने कहा कि बहन जैसी हैं। चिंता मत करना। इसके आरोपी उसके घर आए और तीन दिन के अंदर सात लाख रुपये रुपये देने को कहा। उसने विश्वास करके पैसे दे दिए। नवीन ने विश्वास दिलाने के लिए एक चेक भी दिया।
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बोले 10 दिन के अंदर वॉलीबाल कोटे से काम हो जाएगा। जब काम नहीं हुआ तो उसने संपर्क किया। साथ की बैंक में चेक लगाया, चेक बाउंस हो गया। आरोपियों ने अब तक न तो पैसे दिए और न ही नौकरी लगवाई। सिटी पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर जांच पड़ताल शुरू कर दी है।