विद्यानंद कॉलोनी में दहेज प्रताड़ना से परेशान चल रही महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। महिला के परिजनों ने ससुराल पक्ष पर हत्या करने और सुबूत खुर्द-खुर्द करने के आरोप लगाए हैं। मृतका के भाई ने कहा कि तीन दिन पहले वह बहन के घर से लौटा था, तब बहन ने कहा था कि मुझे भी साथ ले चलो, यहां अकेले छोड़ोगे तो ये मुझे मार देंगे। चांदनीबाग थाना पुलिस ने केस दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।
मूलरूप से उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले के सलावा गांव निवासी शेखर सिंह ने बताया कि उसकी बहन प्रीति की शादी 30 अप्रैल 2005 को विद्यानंद कॉलोनी निवासी मुकेश पुत्र प्रेमपाल के साथ हुई थी। उन्होंने शादी में हैसियत से बढ़कर दहेज दिया था। इसके बावजूद आरोपियों ने बहन को लगातार प्रताड़ित किया। प्रीति विरोध करती तो पति मुकेश और देवर मिलकर उसके साथ मारपीट करते। जिसके चलते वह बहन को गांव सलावा ले आया था। कुछ दिन बाद ही मुकेश आया और माफी मांगकर आश्वासन दिया कि वह भविष्य में प्रीति के साथ मारपीट नहीं करेगा। उन्होंने विश्वास कर बहन को उनके साथ भेज दिया। कुछ दिन तक ठीक रखा, लेकिन उसके बाद फिर प्रताड़ित किया जाने लगा। बुधवार को रिश्तेदार ने फोन किया और प्रीति की मौत होने की सूचना दी। वह अपने परिचितों को लेकर बहन के ससुराल पहुंचा, लेकिन तब तक वे प्रीति का अंतिम संस्कार कर चुके थे।
भाई छोड़कर मत जा.. ये लोग मुझे मार देंगे
मृतका के भाई शेखर ने बताया कि ससुराल पक्ष के लोग बहन को लगातार प्रताड़ित कर रहे थे, जिसकी सूचना बहन फोन कर उन्हें देती थी। वह सूचना पर 11 अगस्त को पानीपत बहन के घर आया था। बहन काफी डरी हुई थी। वह 15 अगस्त तक बहन के घर पर रहा। माहौल ठीक होने पर गांव वापस जाने लगा तो बहन रोने लगी और हाथ पकड़कर कहा कि भाई मुझे भी साथ ले चलो, मुझे यहां छोड़कर मत जा, ये लोग बहुत बुरे हैं, मुझे मार देंगे। अगर मुझे पता होता तो वह बहन को साथ ले आता।
...छत तो कोई सीढ़ियों से गिरने का बता रहा कारण
शेखर ने बताया कि प्रीति का पति मुकेश और देवर पुलिस के सामने बार-बार बयान बदल रहे हैं। कोई छत से गिरने की बात कर रहा है तो कोई सीढ़ियों से फिसलकर गिरने की बात कर रहा है। पड़ोसियों से पूछताछ की गई तो उन्होंने कहा कि प्रीति की सरिये से मारकर हत्या की गई है। शेखर का आरोप है कि ससुराल पक्ष ने तथ्यों को खुर्द-बुर्द करने के लिए घर की अच्छे से सफाई की और शव का संस्कार कर दिया।
पति, देवर और सास के लाई डिटेक्टर टेस्ट कराने की मांग
परिजनों का कहना है कि ससुराल पक्ष के लोगों का झूठ पकड़ने के लिए सास, देवर और पति का लाई डिटेक्टर टेस्ट किया जाए। वहीं एसएसएफल की टीम के हाथ कोई ठोस तथ्य हाथ नहीं लग पाए हैं। बुुधवार को संस्कार हुआ और वीरवार को टीम सैंपल लेने पहुंची, लेकिन मात्र हड्डियों से हत्या के कारण का पता लगाना कठिन है।
परिजनों के बयान पर केस दर्ज कर लिया है। मामले की गहनता से जांच की जा रही है, जांच में जो भी दोषी होगा उसे गिरफ्तार किया जाएगा। -इंस्पेक्टर मंजीत सिंह, चांदनीबाग थाना प्रभारी