पानीपत। तीन कृषि कानून रद्द करने एवं एमएसपी गारंटी कानून की मांग पर सोमवार किया गया भारत बंद सफल रहा। किसान यूनियन ने सुबह ही जिले के अलग-अलग गांव को पूरी तरह बंद करने के साथ ही पानीपत का टोल प्लाजा पूरी तरह से ब्लॉक कर दिया। सुबह साढ़े आठ बजे ही टोल पर किसानों का आना शुरू हो गया और 9 बजते ही सैकड़ों किसानों ने पानीपत टोल को पूरी तरह से बंद कर दिया। जिसके बाद कोई भी वाहन टोल नहीं पार कर पाया।
- 6 घंटे 57 मिनट तक पानीपत टोल पूरी तरह रहा ब्लॉक
सुबह 9 बजे किसानों ने पानीपत का टोल पूरी तरह से बंद कर दिया जो शाम को 3 बजकर 57 मिनट पर खोला। भारत बंद के तीन मिनट पहले ही टोल पर से किसानों ने अड़ाए हुए ट्रक, ट्रैक्टर को साइड कर लिया। पानीपत टोल पर सबसे ज्यादा ट्रक सवार फंस गए थे, जो छह घंटे 57 मिनट के बाद जा पाए। इसमें दिल्ली से करनाल, कुरुक्षेत्र और कैथल जाने वाले वाहन ज्यादा थे।
- भारत बंद के दौरान तैनात रहे ड्यूटी मजिस्ट्रेट
भारत बंद के दौरान 22 ड्यूटी मजिस्ट्रेट तैनात रहे। पानीपत टोल प्लाजा पर पानीपत रोडवेज डिपो के जीएम विकास नरवाल की ड्यूटी लगाई गई थी।
- टोल पर यू-टर्न भी किया बंद, रॉन्ग साइड से जाने को हुए मजबूर
टोल बंद होने पर जो लोग पानीपत से आए, वे टोल से पहले यू टर्न लेकर फिर से पानीपत शहर की ओर लौट रहे थे। इस पर किसानों ने यूटर्न का बंद कर दिया। जिससे वाहनों को या तो वहीं पर खड़ा होना पड़ा या फिर जिस लेन से आए, उसे रॉन्ग साइड होकर लौटना पड़ा।
- 11 बजे के बाद सभी शॉटकट रास्तों को भी किया बंद
टोल प्लाजा को पूरी तरह से बंद करने के बाद जब लोग सेक्टर 18 से होते हुए सेक्टर-13,17 से आसानी से टोल प्लाजा पार करने लगे तो किसानों ने 11 बजे सेक्टर 18 का यह रास्ता भी पूरी तरह बंद कर दिया ताकि कहीं से भी टोल को पार नहीं किया जा सके।
- भारत बंद पर किसानों के लिए छोले कुल्चे किए फ्री
भारत बंद में पानीपत के विरेंद्र छोले कुल्चे वाले ने किसानों के लिए अपने छोले कुल्चे फ्री कर दिए। किसानों ने सहयोग करने पर वीरेंद्र का धन्यवाद दिया।
समालखा। समालखा हाइवे पर रोड पर बैरिकेटिंग कर खड़े हुए वाहन।- फोटो : Panipat
पानीपत। गांव उग्राखड़ी के पास रोड जाम कर निचे जमीन पर बैठे हुए किसान।- फोटो : Panipat
पानीपत। गांव डाहर के पास हाईवे पर टेंट लगा बैठे किसान विरोध जताते हुए।- फोटो : Panipat