पानीपत। सीबीएसई और एचबीएसई के 12वीं कक्षा उत्तीर्ण कर चुके विद्यार्थियों की कॉलेज में प्रवेश के लिए इंतजार की घड़ियां खत्म हो चुकी हैं। कॉलेजों में यूजी कक्षाओं के लिए आवेदन प्रक्रिया 6 सितंबर को पूरी हो चुकी है। दस्तावेजों का सत्यापन भी पूरा हो चुका है। अब 11 सितंबर शनिवार को पहली मेरिट सूची जारी होते ही दाखिला प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। लिस्ट जारी होने को लेकर विद्यार्थियों की धड़कन बढ़ने लगी है।
किसका लिस्ट में नाम आएगा, किसका नहीं, यह तो कट ऑफ लिस्ट आने के बाद पता चलेगा। हालांकि ज्यादातर विद्यार्थी लिस्ट में नाम आने को लेकर आश्वस्त हैं लेकिन कुछ विद्यार्थी जिनके अपेक्षाकृत 80 प्रतिशत से कम अंक हैं, उन्हें मेरिट लिस्ट में नाम आने को लेकर संशय बना हुआ है। वहीं, विशेषज्ञों की मानें तो कॉलेज में दाखिला विभिन्न संकायों में विद्यार्थियों की रुचि तथा उसमें मेरिट सूची के आधार पर निर्भर करेगा।
बता दें कि इस बार सीबीएसई के 5044 तथा एचबीएसई के 11113 विद्यार्थियों ने 12वीं की परीक्षा पास की है। जबकि जिले के प्रमुख 11 कॉलेजों में 9330 सीटें हैं। इसके अलावा विभिन्न मेडिकल व इंजीनियरिंग कॉलेजों में भी विद्यार्थी दाखिला लेंगे। वहीं, पीजी कक्षाओं के लिए विद्यार्थियों को अभी भी उच्चतर शिक्षा निदेशालय के शेड्यूल का इंतजार है। कॉलेजों में कोविड-19 की गाइडलाइन के तहत आवेदन व दाखिला प्रक्रिया अमल में लाई जाएगी।
ये रहेगा नया शेड्यूल
11 सितंबर- पहली मेरिट लिस्ट जारी।
15 सितंबर तक- फीस जमा करवा सकेंगे विद्यार्थी।
17 सितंबर- दूसरी मेरिट लिस्ट जारी
20 सितंबर तक- फीस जमा करवा सकेंगे विद्यार्थी।
22 सितंबर- एडमिशन के लिए पोर्टल दोबारा खोल दिया जाएगा।
14 हजार से अधिक हुए आवेदन
जिला में 11 महाविद्यालयों की 9330 सीटों के लिए 14 हजार से अधिक आवेदन अब तक किए जा चुके हैं। आवेदन करने वाले सभी सभी छात्रों को महाविद्यालयों में दाखिला मिल पाना मुश्किल हो जाएगा। लगभग सभी संकायों में सीटों से अधिक आवेदन आए हैं। सबसे अधिक आर्ट, नॉन मेडिकल और कॉमर्स में आए हैं। महाविद्यालयों में सभी संकायों की तय सीटों से अधिक आवेदन आ चुके हैं। ऐसे में छात्रों को यूजी कोर्स के अलावा अन्य कोसों की तरफ भी ध्यान देना होगा।
कॉलेजों में बढ़ेगी कट ऑफ लिस्ट
कॉलेज प्रोफेसरों की मानें तो 12वीं पास विद्यार्थियों की संख्या को देखते हुए स्नातक स्तर की कक्षाओं में दाखिला लेना विद्यार्थियों के लिए कठिन होगा। वहीं, इस बार सीबीएसई और एचबीएसई का रिजल्ट भी लगभग 100 प्रतिशत आया है। ऐसी स्थिति में इस वर्ष कॉलेजों में स्नातक स्तर की कट ऑफ लिस्ट बढ़ सकती है। विशेषज्ञों की मानें तो इस बार पहली कट ऑफ 95 तथा आखिरी कट ऑफ 80 तक पहुंच सकती है। विशेषज्ञों के अनुसार इस बार अधिक विद्यार्थियों ने प्रथम श्रेणी में परीक्षा उत्तीर्ण की है जिससे कटऑफ का स्तर भी बढ़ सकता है।
- कॉलेजों में यूजी कक्षाओं के लिए आवेदन प्रक्रिया व दस्तावेजों का सत्पायन पूरा हो चुका है। पहली कट ऑफ 11 सितंबर को जारी होगी। उच्चतर शिक्षा निदेशालय की गाइडलाइन के अनुसार दाखिला प्रक्रिया अमल में लाई जा रही है। - डॉ. जगदीश गुप्ता, आर्य महाविद्यालय, पानीपत।