पानीपत। बिजली निगम ने लगातार हो रहे बिजली लॉस को ध्यान में रखते हुए शनिवार सुबह चार बजे से बिजली चोर पकड़ो अभियान चलाया। इसमें सभी डिवीजन को मिलाकर बिजली चोरी के 113 मामले पकड़े। उन पर 41 लाख 66 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया।
एक महीने से लगातार हर डिवीजन में लाइन लॉस के मामले बढ़ते जा रहे थे। इसके बाद पानीपत की टीम ने सुबह छापा मारना शुरू किया। एसई धर्मबीर छिकारा ने बताया कि सभी सब डिवीजन में दो टीमें बना दी गई थीं।
पिछले एक महीने से लगातार सभी लाइन और डिवीजन में लाइन लॉस के मामले बढ़ते जा रहे थेे। बिजली निगम रोजाना दिनभर अपने सिस्टम पर मॉनिटरिंग कर रहा था कि कितनी बिजली भेजी जा रही है। कितनी यूनिट बिजली चोरी हो रही है। जिसके अनुसार जिस लाइन पर सबसे ज्यादा बिजली चोरी हो रही थी वहीं पर सबसे पहले छापामारी की। सबसे ज्यादा बिजली चोरी के केस समालखा सब डिविजन से मिले हैं जहां एक दिन में 46 चोरी के केस पकड़े गए है। सिटी डिविजन में कुल 26 केस, सब अर्बन डिवीजन में 41 और समालखा सब डिवीजन में 46 केस पकड़े गए हैं। बिजली चोरी करने वाले उपभोक्ताओं पर एफआईआर दर्ज करवाकर उनसे जुर्माना भरवाया जाएगा।
मॉनिटरिंग करने के बाद सभी सब डिविजन में दो टीम गठित करके सुबह 4 बजे से अभियान चलाया गया। जिसमें सभी डिविजन को मिलाकर 113 चोरी के केस पकड़े गए है। जिनपर 41 लाख 66 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है। बिजली चोरी करने वाले को बख्शा नहीं जाएगा।
- धर्मबीर छिकारा, एसई बिजली निगम पानीपत