फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

श्री गुरु तेग बहादुर जी की विचारधारा के विश्वव्यापी प्रसार की जरूरत : कैप्टन

विज्ञापन
विज्ञापन
चंडीगढ़। पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने शुक्रवार को इस बात पर जोर दिया कि नौवें सिख गुरु श्री गुरु तेग बहादुर साहिब की विचारधारा को दुनिया भर में प्रचारित किए जाने की जरूरत है, जिससे शांति, भाईचारा, धर्म निरपेक्षता और मिलजुल कर रहने जैसे मूल्यों की रक्षा हो सके और जिन मूल्यों के लिए गुरु साहिब ने अतुल्य बलिदान दिया।
विज्ञापन

पंजाब विधानसभा द्वारा श्री गुरु तेग बहादुर जी के 400वें प्रकाश पर्व को समर्पित एकदिवसीय विशेष सत्र के दौरान मुख्यमंत्री के अलावा पंजाब के राज्यपाल बनवारी लाल पुरोहित, पूर्व चीफ जस्टिस जेएस खेहर, विधानसभा स्पीकर राणा केपी सिंह, नेता प्रतिपक्ष हरपाल सिंह चीमा ने गुरु साहिबान के जीवन और उपदेशों पर प्रकाश डाला। इस मौके पर विधानसभा के स्पीकर ने बौद्ध धर्मगुरु दलाई लामा और उपराष्ट्रपति एम. वेंकैया नायडू द्वारा भेजा संदेश भी पढ़ा।
सदन को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि श्री गुरु तेग बहादुर जी का जीवन और संदेश उस भावना के आधार हैं, जिसे हम पंजाबियत कहते हैं। इसमें हमारी सांझी तहजीब, हमारी मातृभाषा पंजाबी, लोगों, धर्मों, जातियों और संप्रदायों से ऊपर उठती भाईचारे की गहरी जड़े शामिल हैं। इस गौरवमयी सदन द्वारा मैं यह यकीन करता हूं कि हम सांसारिक शांति और भाईचारे के संदेश को इस ऐतिहासिक मौके फिर से दृढ़ करें।
विज्ञापन

बलिदानों से भरा पंजाब का इतिहास प्रेरणा का स्रोत है : राज्यपाल
इस मौके पर पंजाब के राज्यपाल बनवारी लाल पुरोहित ने श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी की शहादत को आध्यात्मिक, धार्मिक और भारत के राजनीतिक इतिहास का अहम मोड़ बताते हुए कहा कि ‘पंजाब का इतिहास महान गुरु साहिबान और शहीदों द्वारा निस्वार्थ बलिदानों से भरा है, जो हम सभी के लिए हमेशा प्रेरणा स्रोत है। सिख गुरु साहिबान ने हमें उस युग में प्रेरित किया जो शायद हमारे इतिहास का सबसे चुनौतीपूर्ण चरण था। इसी कारण सिख गुरु साहिबान का न सिर्फ़ सिख बल्कि दुनिया भर के सभी धर्मों के लोग सम्मान करते हैं।’
प्यार और सद्भावना के लिए प्रेरित करता रहेगा गुरु साहिब का बलिदान : राणा केपी
विधानसभा स्पीकर राणा केपी सिंह ने कहा कि श्री गुरु तेग बहादुर जी का बेमिसाल बलिदान मानवता को धर्म जाति, रंग भेद, संप्रदाय और नसलों से ऊपर उठकर प्यार, सद्भावना और सहनशीलता के संदेश के प्रति हमेशा प्रेरित करता रहेगा। जो राज्य, देश, कौम और लोग अपने इतिहास से प्रेरणा लेकर चलते हैं, वह अंधकार में भी प्रकाश ढूंढ लेते हैं।
गुरु साहिब ने धार्मिक आजादी की रक्षा को शहादत का रास्ता चुना : जस्टिस खेहर
भारत के पूर्व चीफ जस्टिस जेएस खेहर ने दुनिया भर में सिख जीवनशैली में ‘अरदास’ की महत्ता को दर्शाते हुए कहा कि आज हम सभी भाग्यशाली हैं कि श्री गुरु तेग बहादुर जी के 400वें प्रकाश पर्व को गुरु साहिब को याद करने के साथ-साथ चिंतन करने के लिए मना रहे हैं। एनसाइक्लोपीडिया ब्रिटानिका में भी श्री गुरु तेग बहादुर जी के बलिदान को दूसरे धर्म की धार्मिक स्वतंत्रता की खातिर दी गई शहादत के रूप में दर्ज किया गया है। पांचवें पातशाह श्री गुरु अर्जुन देव जी की शहादत ने सिख इतिहास की दिशा ही बदल दी और सिखों की सैन्यीकरण की प्रक्रिया शुरू की, जो उस समय तक एक शांतिमय समुदाय था।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें