पंचकूला। शहर की अंदरूनी सड़कें गड्ढों में तबदील हो चुकी है। मिट्टी और धूल के चलते वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सुविधा के नाम पर करोड़ों का टैक्स अदा करने वाले स्थानीय लोग हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष एवं पंचकूला विधायक ज्ञानचंद गुप्ता और नगर निगम के मेयर कुलभूषण गोयल से लगातार गड्ढों को भरकर समस्या से निजात दिलाने की मांग कर रहे हैं। नेता और अधिकारी हैं कि उन्हें किसी की परेशानी का ख्याल ही नहीं है। यही कारण है कि गड्ढों को भरने की जहमत नहीं उठाई जा रही है।
सेक्टर-20 में गड्ढों के चलते रोजाना हो रहे हादसे हो रहे हैं। वाहन क्षतिग्रस्त होने के साथ लोग चोटिल होते हैं। वीरवार को नगर निगम की टीम गड्ढों को भरने के लिए मौके पर पहुंची। लेकिन, गड्ढों में बरसाती पानी भरा होने के कारण टीम को लौटना पड़ा। हालांकि टीम के सदस्यों ने गड्ढों में भरे पानी को बाल्टी के जरिए बाहर निकालने की कोशिश की, लेकिन वह सफल नहीं हो सके। औद्योगिक क्षेत्र-1 और औद्योगिक क्षेत्र-2 के अंदर भी सड़कों का बुरा हाल है। बारिश होने पर सड़कें तालाब बन जाती हैं, जिसके चलते वाहन चालकों को निकलना मुश्किल हो जाता है। इतना ही नहीं गड्ढे इतने बड़े और गहरे हैं कि बरसाती पानी कई दिनों तक भरा रहता है। जबकि नगर निगम को सबसे ज्यादा टैक्स उद्यमी ही देते हैं, लेकिन वह सुविधाओं के लिए तरस रहे हैं।
सेक्टर-20 आरडब्ल्यूए के वरिष्ठ उपप्रधान योगेंद्र क्वात्रा, पंचकूला विकास मंच के सदस्य राकेश अग्रवाल, सीमा भारद्वाज, देवराज शर्मा, हाउस ओनर वेलफेयर एसोसिएशन के चेयरमैन भारत हितैषी ने नगर निगम के मेयर कुलभूषण गोयल और निगम आयुक्त धर्मवीर सिंह से गड्ढों को तत्काल भरवाने की मांग की है। शहर की राजनीतिक, सामाजिक और स्वयं सेवी संस्थाओं के पदाधिकारियों ने ऐलान किया है कि यदि समस्या का समाधान जल्द न हुआ तो वह निगम के खिलाफ आवाज बुलंद करेंगे।