चंडीगढ़। हरियाणा विधानसभा में जल्दी स्टाफ की हाजिरी फेस रीडिंग मशीन से लगनी शुरू हो जाएगी। तीनों प्रवेश द्वार पर ये मशीनें लगेंगी। इनके जरिये कोविड मरीजों का भी तुरंत पता चल जाएगा। विधानसभा सचिवालय निरंतर देरी से आने वाले 17 कर्मचारियों को चार्जशीट करने जा रहा है।
कोविड के कारण बायोमीट्रिक मशीनों से हाजिरी फिलहाल बंद है। इस दौरान कर्मचारियों ने देरी से विधानसभा सचिवालय आना शुरू कर दिया। बड़ी संख्या में स्टाफ के देरी से आने का मामला स्पीकर ज्ञान चंद गुप्ता के पास पहुंचा तो उन्होंने सीसीटीवी फुटेज निकलवाई। इसकी जांच में पाया गया कि 77 कर्मचारी लेट आ रहे हैं। इन्हें चेतावनी जारी की गई कि ठीक 9 बजे कार्यालय पहुंचें, बेहद जरूरी काम होने पर 30 मिनट की छूट रहेगी। बावजूद इसके कर्मचारियों के देरी से आने का सिलसिला जारी रहा। दूसरी बार सीसीटीवी फुटेज निकलवाने पर 37 कर्मचारी लेट पाए गए। इन्हें दोबारा चेतावनी दी गई, लेकिन 17 कर्मियों पर असर नहीं हुआ। वे तीसरी बार जांची गई सीसीटीवी फुटेज में भी देरी से कार्यालय पहुंचते मिले हैं।
स्पीकर ज्ञान चंद गुप्ता ने कहा कि तीनों बार की जांच में देरी से कार्यालय आने वाले कर्मचारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा रही है। जल्दी फेस रीडिंग मशीन तीनो प्रवेश द्वार पर लगा देंगे। इसमें चलते-चलते कर्मचारियों का चेहरा स्कैन होकर हाजिरी लग जाएगी। अगर कोई कोविड मरीज है तो मशीन में लाल रंग के निशान के साथ कर्मचारी का पूरा रिकॉर्ड आ जाएगा। 20 से 40 कर्मचारी भी एक साथ गुजरते हैं तो भी मशीन से हाजिरी लगने में दिक्कत नहीं होगी। रुकने की जरूरत भी नहीं पड़ेगी, चलते-चलते ही उपस्थिति दर्ज हो जाएगी।
विशेष व शीतकालीन सत्र अलग-अलग
स्पीकर ने बताया कि अमृत महोत्सव के तहत विधानसभा का विशेष सत्र और शीतकालीन सत्र अलग-अलग होंगे। विशेष सत्र भी दो दिन का हो सकता है। इसमें आजादी को लेकर सभी विधायक अपने-अपने विचार रखेंगे। इसके तुरंत बाद शीतकालीन सत्र आयोजित किया जा सकता है। दोनों के दिसंबर शुरू में होने की उम्मीद है। नए विधायकों को अधिक से अधिक बोलने का मौका दिया जाएगा। नियमानुसार ही विधायकों के बैठने की जगह तय होगी। कांग्रेस के दस से ज्यादा विधायकों ने अधिक बोलने का मौका देने और आगे बिठाने के लिए पत्र लिखा है। जिस पर सदन के नियमों अनुसार उचित कदम उठाएंगे।