पलवल। पांच साल से एलीवेटिड पुल शुरू होने का इंतजार कर रहे वाहन चालकों व शहर के लोगों को अप्रैल महीने में इसकी सौगात मिल सकती है। राजमार्ग प्राधिकरण के अधिकारियों की माने तो 15 अप्रैल को इस पुल का उद्घाटन हो सकता है तथा उसके बाद वाहन इस एलीवेटिड पुल पर फर्राटे भर सकेंगे। पलवल में बन रहे इस एलीवेटिड पुल के निर्माण के बाद दिल्ली बदरपुर बार्डर से मथुरा होते हुए आगरा तक का सफर आसान हो जाएगा। वाहन चालकों को फिर आगरा तक दिक्कत नहीं होगी तथा बिना रुके वाहन दौड़ता जाएगा।
एलीवेटिड पुल निर्माण के बाद शहर में लगने वाले भीषण जाम से भी निजात मिलेगी। पुल का कार्य लगभग पूरा कर लिया गया है। सभी पुलों का कार्य पूरा कर नीचे से यातायात के लिए भी खोला जा चुका है तथा वहां वाहन फर्राटे भर रहे हैं। पुल की सड़क लगभग तैयार हो चुकी है तथा दीवारों पर रंग-रोगन का काम चल रहा है। इसके अलावा पुल के ऊपर दोनों तरफ लाइटें लगाई जा रही हैं। पुल के नीचे भी सड़क पर लाइटें लगाई जा रही हैं, ताकि ऊपर व नीचे सफर करने वाले वाहन चालकों को रात के समय उजाला दिखाई दे। दिल्ली की तरफ से दोनों सड़कें तैयार कर लाइट व पेंटिंग का कार्य पूरा भी कर लिया गया है।
बता दें कि तीन अगस्त 2017 को पलवल में एलीवेटेड पुल के निर्माण कार्य का शुभारंभ किया गया था। 225 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले इस एलीवेटेड पुल का निर्माण 20 माह में पूरा करने का उस समय लक्ष्य रखा गया था, लेकिन बीच-बीच में कई बार काम बंद होने के चलते 20 महीने के बजाय पांच साल में काम पूरा होने को है।
प्रदूषण व जाम से मिलेगी निजात
एलीवेटिड पुल शुरू होने के बाद सबसे अधिक फायदा शहर के लोगों को होगा। इसके शुरू होते ही हूडा चौक स्थित दिल्ली गेट से लेकर आगरा चौक तक लगने वाले जाम से निजात मिलेगी साथ ही वाहनों के कारण लगने वाले जाम से होने वाले प्रदूषण से राहत मिलेगी। क्योंकि दिल्ली व आगरा की तरफ से आने वाले वाहन पुल के ऊपर से होकर निकल जाएंगे। अधिकांश वाहन शहर के ही नीचे से होकर गुजरेंगे। इससे जाम व प्रदूषण दोनों से राहत मिलेगी।
राष्ट्रीय राजमार्ग पर बनाए जा रहे एलीवेटेड पुल का निर्माण तेजी से चल रहा है। इंजीनियरों की देखरेख में कार्य किया जा रहा है। उम्मीद है कि 15 अप्रैल तक पुल शुरू कर दिया जाएगा। राजमार्ग प्राधिकरण का पूरा ध्यान इसी पर है। काम में कोई कमी नहीं चल रही है। जल्द लोगों को इसकी सौगात मिलेगी।
- धीरज सिंह, अधिकारी, राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण