हरियाणा के नारनौल में दी महेंद्रगढ़ केंद्रीय सहकारी बैंक अटेली शाखा की तिजोरी से गायब 19 लाख 29 हजार 500 रुपये का खुलासा हो गया है। यह चोरी बैंक में आउटसोर्सिंग पर लगे कैशियर नवीन ने ही की थी। मामले की जांच के लिए बैंक की ओर से गठित की गई टीम ने उपरोक्त सारी राशि की रिकवरी कर ली है।
बता दें कि दी महेंद्रगढ़ केंद्रीय सहकारी बैंक अटेली शाखा की तिजोरी में 24 नवंबर को 1950640 रुपये 61 पैसे रखे थे। तिजोरी की तीन चाबियां लगती थी इनमें एक मैनेजर के पास तो दो कैशियर नवीन के पास रहती थीं। मैनेजर ने 24 नवंबर को अपनी चाबी भी नवीन को दे दी थी। अगले दिन शाखा के ब्रांच मैनेजर जसवंत ने चाबी मांगी तो उसने चाबी खो जाने की बात कही।
इसके बाद नवीन ने इधर-उधर की बात कर ब्रांच मैनेजर को गुमराह करने का प्रयास किया। इसके बाद बैंक महाप्रबंधक प्रशांत यादव को अवगत करवाया गया। बैंक महाप्रबंधक ने ब्रांच मैनेजर को एफआईआर दर्ज करवाने के आदेश जारी किए।
महाप्रबंधक के आदेश पर ब्रांच मैनेजर ने कैशियर नवीन एवं गार्ड पर शक जाहिर करते हुए एफआईआर दर्ज करवा दी। इसके बाद महाप्रबंधक ने ब्रांच मैनेजर जसवंत को सस्पेंड कर दिया तथा कैशियर नवीन एवं गार्ड राजपाल को नौकरी से निकाल दिया।
इस मामले की जांच के लिए बैंक की ओर से पांच सदस्यों की कमेटी गठित की गई जिसका इंचार्ज बाछोद बैंक शाखा मैनेजर ब्रहमप्रकाश को बनाया गया था। बैंक शाखा मैनेजर ने जांच की तो इसमें कैशियर नवीन के पास पूरे पैसे मिले। मैनेजर ने इन सभी पैसों की रिकवरी भी कर ली हैं।
नहीं खोली गई दूसरी तिजोरी
उपरोक्त तिजोरी की चाबी गायब होने के बाद बैंक का कैश दूसरी तिजोरी में रखा जाने लगा था। इस तिजोरी की चाबी भी नवीन को दे दी थी। 16 दिसंबर को नवीन ने दूसरी तिजोरी की चाबी खो दी। जसवंत सिंह के अनुसार उस तिजोरी में लगभग 10 लाख 08 हजार रुपये थे। अभी तक इस तिजोरी की चाबी नहीं मिली है। यह तिजोरी पुलिस की देखरेख में खोली जाएगी।
हमने बैंक का गायब 19 लाख 29 हजार 500 रुपये रिकवर कर लिए हैं। नवीन के पिता ने रविवार को 9 लाख तथा शेष राशि आज जमा करवा दी है।
-ब्रह्मप्रकाश, टीम इंचार्ज।