करनाल। पुलिस की स्पेशल यूनिट असंध की टीम ने मंगलवार को गांव खेड़ीसर्फली से दो आरोपियों को गिरफ्तार कर 1,14,820 नशीली गोलियां, कैप्सूल और 428 नशीले इंजेक्शन व 50 एमटीपी किट बरामद की हैं। आरोपियों ने बताया कि वे पंजाब और उत्तर प्रदेश से नशीली दवाइयां लेकर आते थे।
एएसआई अशोक कुमार ने बताया कि आठ मार्च को उनकी टीम ढोल चौक पर मौजूद थी। तभी सूचना मिली कि सुरेंद्र कुमार निवासी गांव रमाना रमानी (कैथल) गांव खेड़ीसर्फली में अपनी दवाइयों की दुकान से प्रतिबंधित नशे की दवाइयां बेचने का धंधा करता है। सूचना के आधार पर टीम ने वहां पहुंचकर दुकान पर छापा मारा और आरोपी सुरेंद्र को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी की दुकान के अंदर एक काले रंग का बैग रखा था। जिसमें ट्रामाडोल, अल्प्राजोलम व एल्प्रेक्स की 32,220 गोलियां व कैप्सूल बरामद किए गए। उसके खिलाफ असंध थाने में मामला दर्ज किया गया।
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह काफी समय से प्रतिबंधित नशे की दवाइयां, इंजेक्शन व एमटीपी किट बेचने का धंधा करता है। वह ये नशीली दवाइयां संदीप कुमार निवासी गांव बाल जट्टान, जिला पानीपत से खरीदकर लाता है। वह उसे नशीली दवाइयां, इंजेक्शन व एमटीपी किट सप्लाई करने आने वाला है। इसके बाद आरोपी संदीप को भी खेड़ीसर्फली बस अड्डे के पास से काबू किया गया।
तलाशी लेने पर आरोपी के कब्जे से एक बैग में से 82,600 प्रतिबंधित नशीली गोलियां व कैप्सूल, 428 इंजेक्शन व 50 एमटीपी किट बरामद की गई। दोनों आरोपियों से कुल 1,14,820 गोलियां व कैप्सूल, 428 इंजेक्शन व 50 एमटीपी किट बरामद की गई। जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी नशीली दवाइयां, इंजेक्शन व एमटीपी किट आदि उत्तर प्रदेश के कैराना से एक व्यक्ति से सस्ते दाम पर खरीदकर लाते थे। वहीं पंजाब के विभिन्न जगहों से भी नशीली दवाइयां आदि खरीदकर लाने की बात का खुलासा किया गया।