हरियाणा के करनाल के काछवा गांव की गुरुद्वारा कॉलोनी में चल रहे एक क्लीनिक पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने ड्रग इंस्पेक्टर विकास राठी की अध्यक्षता में चेकिंग की। चेकिंग के दौरान क्लीनिक चला रहा व्यक्ति किसी भी प्रकार का कोई लाइसेंस नहीं दिखा सका। टीम ने मौके से 32 प्रकार की एलोपैथिक की दवाइयां जब्त करते हुए क्लीनिक को सीज कर दिया।
ड्रग इंस्पेक्टर विकास राठी ने बताया कि गांव के एक व्यक्ति द्वारा सिविल सर्जन कार्यालय में सीएम विंडो लगाई हुई थी। जिसके बाद सिविल सर्जन डॉ. कृष्ण कुमार ने एक टीम तैयार की और टीम सोमवार को क्लीनिक पर पहुंची और क्लीनिक का रिकॉर्ड खंगाला।
क्लीनिक पर बैठे संचालक सुनील कुमार न तो डॉक्टरी का लाइसेंस दिखा सका और न ही दवाओं की सेल-परचेज का। चेकिंग के दौरान टीम को 32 प्रकार की एलोपैथिक दवाएं भी मिली। जिन्हें टीम ने फार्म-16 के तहत जब्त कर लिया है और क्लीनिक को सीज कर दिया है।
ड्रग इंस्पेक्टर विकास राठी ने बताया कि अब विभाग की ओर से आगामी कार्रवाई करते हुए क्लीनिक के संचालक को नोटिस भेजा जाएगा। चेकिंग के दौरान डॉ. सारिका अग्रवाल, डॉ. शैलेश, काछवा पीएचसी से हेल्थ इंस्पेक्टर सतीश कुमार, एएनएम महेंद्र देवी मौजूद रही।