उपमंडल के 30 गांवों के स्कूलों के विद्यार्थियों ने फसल अवशेष प्रबंधन और पर्यावरण प्रदूषण के बारे में लोगों को जागरूक करने के लिए रैली निकाली। गांव शिमला में कलायत एसडीएम वीरेंद्र ढुल ने राजकीय स्कूल से व जिला राजस्व अधिकारी टीआर गौतम ने राजकीय संस्कृति मॉडल वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल कलायत से रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
इस अवसर पर अधिकारियों ने कहा कि पराली जलाने से पर्यावरण संतुलन बिगड़ रहा है। सांस लेने की समस्या, आंखों में जलन व गले सहित विभिन्न बीमारियों की आशंका भी बनी हुई है। किसानों को पराली प्रबंधन बारे जागरूक भी किया जा रहा है। इसके अलावा पराली जलाने से रोकने के लिए कृषि एवं कल्याण विभाग द्वारा निगरानी की जा रही है। कहीं पराली जलाने की सूचना मिलती है तो विभाग की टीम ग्राम सचिव व पटवारी को साथ लेकर मौके पर जाती हैं और पराली जलाने वाले व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई की जाती है। अगर कोई व्यक्ति खेतों में पराली जलाता है तो उसे 6 महीने की जेल व 15 हजार रुपये तक का जुर्माना व दोनों हो सकते हैं। इस मौके पर खंड कृषि अधिकारी डॉ. रामेश्वर श्योकंद की टीम भी मौजूद रही।