गणपति विसर्जन के दौरान में डूबे सौरभ का शव सोमवार सुबह लगभग 25 किलोमीटर आगे नहर में कलायत क्षेत्र में मिला। समाजसेवी संस्थाओं की मदद से शव को बाहर निकाल पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया है। वहीं, हादसे से पूरा परिवार सदमे में है। मां के कलेजे का टुकड़ा जो पूजा-अर्चना के लिए गया था, वह बेटा सफेद कपड़े में लिपटा हुआ मिला।
बता दें कि शनिवार दोपहर बाद गणपति विसर्जन के दौरान सौरभ अचानक नहर में डूब गया था। घटना के बाद से ही लगातार समाजसेवी राजू डोहर की टीम शव को ढूंढने का प्रयास कर रही थी। समाजसेवी लोगों की मदद से फंड जुटाकर गोताखोर भी बुलाए गए, लेकिन सोमवार सुबह तक सौरभ की कोई जानकारी नहीं मिल पाई। तीसरे दिन उसका शव कलायत क्षेत्र में पानी के ऊपर आया। जिसकी सूचना मिलते ही जिला पुलिस के आला अधिकारी मौके पर पहुंचे।
डीएसपी कुलवंत सिंह व अन्य पुलिस कर्मी सौरभ के शव समाज सेवी राजू डोहर और अन्य की मदद से बाहर निकाल कर जिला अस्पताल में लेकर पहुंचे और शव को पोस्टमार्टम करवाया। अस्पताल पहुंचे मृतक के पिता हरिद्वारी व चचेरे भाई महावीर ने कहा कि सौरभ की मौत से परिवार की उम्मीदें ही खत्म हो गई हैं। वह पढ़ते हुए भी दिहाड़ी मजदूरी करके परिवार का गुजारा चलाने में मदद कर रहा था। राजू डोहर ने उसे खोजने में मदद करने वाले लोगों का आभार जताया।
डीएसपी कुलवंत सिंह ने बताया कि पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया। इसके बाद शव का अंतिम संस्कार भी किया गया है।