झज्जर। स्वास्थ्य विभाग रोहतक व झज्जर की संयुक्त टीम ने सामान्य अस्पताल के सामने स्थित एक निजी अस्पताल पर छापा मारकर भ्रूण लिंग जांच कराने के गिरोह से जुड़े तीन लोगों को काबू किया है। तीनों आरोपियों को पुलिस के हवाले कर दिया गया है। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने एक आरोपी के कब्जे से 45,000 हजार रुपये की राशि भी बरामद की है, जबकि आरोपियों में एक झोलाछाप भी शामिल है। उसके कब्जे से स्वास्थ्य विभाग की टीम ने सिरिंज और दवाइयां भी बरामद की हैं। तीनों आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार का आगामी कार्रवाई शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार सिविल सर्जन रोहतक को सूचना मिली थी कि झज्जर में एक भ्रूण लिंग जांच गिरोह सक्रिय है, जो गर्भवती महिलाओं से मोटी रकम लेकर भ्रूण लिंग जांच करवाता है। इस पर कार्रवाई करते हुए जिला समुचित प्राधिकरण रोहतक ने एक टीम का गठन किया। इसमें डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. राजवीर संभरवाल, डॉ. विकास सैनी पीएनडीटी नोडल ऑफिसर रोहतक, डॉ. विशाल चौधरी मेडिकल ऑफिसर पीएससी हसनगढ़ जिला रोहतक को शामिल किया गया और टीम को झज्जर के लिए रवाना किया गया। टीम ने माछरौली गांव निवासी सुमित उर्फ भूपेंद्र पुत्र कर्ण से संपर्क साधा और उससे भ्रूण की लिंग जांच करवाने के लिए 55000 रुपये में सौदा तय हुआ। इसके बाद टीम एक गर्भवती महिला को तैयार कर झज्जर लेकर पहुंची। इस दौरान टीम ने झज्जर स्वास्थ्य विभाग को भी सूचित किया। इसके बाद झज्जर पीएनडीटी नोडल अधिकारी डॉ. ममता को भी टीम में शामिल किया गया। टीम ने सुमित चाहर से संपर्क साधा। सुमित ने ढाणी सैनियान निवासी प्रदीप उर्फ छोटू के बारे कहा कि वह नागरिक अस्पताल के मेन गेट पर मिलेगा। ग्राहक वहां पहुंची तो बाइक पर सवार होकर आए युवक को ग्राहक ने तयशुदा राशि 55000 दे दिए। इसके बाद प्रदीप ग्राहक महिला को लेकर सामान्य अस्पताल के सामने स्थित निजी अस्पताल में पहुंचा और उसने 800 रुपये अल्ट्रासाउंड की पर्ची कटवाई और दोपहर बाद डॉ. एनके मिश्रा से अल्ट्रासाउंड की रेफरेल स्लीप बनवाई।
प्रदीप ने महिला ग्राहक की आईडी के साथ अपना आधार कार्ड भी दिया और उस पर लिखा कि उक्त महिला उसकी भाभी है। शाम करीब 3:00 बजे महिला ग्राहक का अल्ट्रासाउंड डॉ. राहुल प्रताप सिंह पंजीकृत रेडियोलॉजिस्ट ने किया। फिर प्रदीप ने बाहर आकर प्रलोभन ग्राहक उसके गर्भ में लड़का बताया। जैसे ही प्रलोभन ग्राहक ने टीम को इशारा किया तो तुरंत प्रभाव से टीम ने मौके पर पहुंचकर पुलिस की मदद से प्रदीप को पकड़ लिया। उसके कब्जे से टीम ने 45 हजार रुपये बरामद किए।
प्रदीप की निशानदेही पर पुलिस टीम के साथ श्री श्याम हेल्थ केयर क्लीनिक गांव छबीली से डॉ. भूपेंद्र पुत्र हरिओम निवासी माछरौली को काबू किया। डॉ. ममता ने बताया कि जिसके पास न तो कोई डिग्री थी और वह प्राइवेट प्रैक्टिस अवैध रूप से कर रहा था। इसके बाद से एलोपैथिक दवाइयां व सिरिंज भी बरामद की गई हैं। उसके बाद सुमित उर्फ भूपेंद्र निवासी माछरौली को भी पुलिस वापस लेकर झज्जर पहुंची।
-वर्जन
तीनों आरोपियों को काबू कर पुलिस के हवाले कर दिया गया है। रोहतक व झज्जर की टीम ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए पीएनडीटी एक्ट के तहत मामला दर्ज करवा दिया है।
- डॉ ममता, नोडल ऑफिर पीएनडीटी, झज्जर।