क्षेत्र में रविवार की शाम को बारिश के साथ हुई ओलावृष्टि से धान व कपास की फसल में काफी नुकसान हुआ है। फसलों में हुई नुकसान को देखने के लिए सोमवार को बेरी खंड की कृषि विभाग की टीम ने क्षेत्र के गांवों का दौरा कर फसलों में हुई नुकसान का आकलन किया। प्रारंभिक आकलन के मुताबिक इलाके में धान में 70 तो कपास की फसल को शत प्रतिशत नुकसान हुआ है।
सोमवार को टीम ने गांव गोधड़ी, पहाड़ीपुर, सफीपुर, मलिकपुर, अच्छेज, दुबलधन, माजरा आदि गांवों में दौरा किया। खंड कृषि अधिकारी रमेश लाठर ने बताया कि रविवार देर शाम को हुई बारिश व ओलावृष्टि से क्षेत्र में धान, कपास व हाल में सरसों की बिजाई की गई फसल में काफी नुकसान हुआ है। बेरी ब्लॉक में 19 हजार हेक्टेयर में किसानों ने धान की फसल लगा रखी है। जिसमें किसानों को धान की फसल में करीब 70 प्रतिशत नुकसान हुआ है। किसानों की धान की फसल पूरी तरह से बिछ गई है। बेरी ब्लॉक में 1800 हेक्टयेर में किसानों ने कपास लगा रखी है। इसमें किसानों को पूरा 100 प्रतिशत नुकसान हुआ है। टीम में खंड कृषि अधिकारी रमेश लाठर, एडीओ जितेंद्र साहू, एडीओ जयसिंह मौजूद रहे।
स्पेशल गिरदावरी करवाकर जल्द मुआवजा दे
रविवार शाम को क्षेत्र में ओलावृष्टि होने के बाद गांव गोधड़ी के किसान मेहताब, धर्मबीर, दीपक, अनिल, ओमप्रकाश, शील, अशोक, सतबीर दलबीर, किसान सभा के जिला उप प्रधान राजेंद्र, सरपंच मंजीत आदि का कहना है कि खेतों में हुई ओलावृष्टि से किसानों को भारी नुकसान हुआ है। स्पेशल गिरदावरी के लिए एसडीएम से मिलने के पहुंचे थे। किसान शील ने बताया कि बेमौसम हुई बारिश व ओलावृष्टि से सारी फसल गिर गई हे। इससे भारी नुकसान हुआ है। सरकार को नुकसान की भरपाई के लिए स्पेशल गिरदावरी करवानी चाहिए। किसान अशोक ने बताया कि ओलावृष्टि से हमारी धान की फसल चाद्र की तरह बिछ गई। सरकार को फसलों में हुई नुकसान का मुआवजा जल्द से जल्द देना चहिए।
रविवार शाम को बेरी क्षेत्र के गांव गोधड़ी, पहाड़ीपुर, सफीपुर, मलिकपुर, अच्छेज में हुई ओलावृष्टि से किसानों की फसल में काफी नुकसान है। सोमवार को फसलों में हुए नुकसान का आकलन कृषि विभाग की टीम किया और नुकसान का आकलन करके रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को भेज दी गई है। पहाड़ीपुर, सफीपुर, मलिकपुर, अच्छेज में धान की फसल में 70 प्रतिशत नुकसान है। कपास की फसल पूरी तरह खराब हो गई है।
- रमेश लाठर, खंड कृषि अधिकारी, बेरी।