हिसार। जिला कोरोनामुक्त हो चुका है। इक्का-दुक्का मरीज मिलता है और स्वस्थ हो जाता है। मगर दूसरे राज्यों में कोरोना तेजी से पांव पसार रहा है। देश के कुछ राज्यों में कोरोना की तीसरी लहर आ चुकी है। ऐसे में एक्टिव केस वाले राज्यों से हिसार आने वाली ट्रेनों में यात्रियों की स्क्रीनिंग नहीं हो रही है। ऐसे में यह लापरवाही भारी पड़ सकती है।
हिसार रेलवे स्टेशन पर भी काफी लंबी दूरी की गाड़ियां पहुंचती हैं मगर यहां आने पर न तो यात्रियों की स्क्रीनिंग हो रही है और न ही उनके हाथ सैनिटाइज करवाए जा रहे हैं। उधर, विशेषज्ञों की मानें तो कोरोना की तीसरी लहर आ सकती है। बता दें, कि त्रिपुरा-सुंदरी एक्सप्रेस हरियाणा, पंजाब, राजस्थान, महाराष्ट्र, सूरत, कानपूर, दिल्ली, यूपी, इलाहाबाद, वेस्ट बंगाल होकर हिसार पहुंचती है। इसी प्रकार सिकंदराबाद ट्रेन पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, अहमदाबाद, सूरत, नागपुर, तेलंगाना, हैदराबाद होकर हिसार आती है। वहीं कोयंबटूर ट्रेन राजस्थान, अहमदाबाद, मुंबई, कर्नाटक, बंगलूरू, तमिलनाडू होकर पहुंचती है। इनमें से कई ऐसे राज्य हैं, जहां कोरोना तेजी से बढ़ रहा है। इन राज्यों से हिसार पहुंचने वाले यात्रियों की स्टेशन पर कोई कोरोना जांच नहीं की जा रही है।
हिसार रेलवे स्टेशन पर नहीं कोई इंतजाम
हिसार रेलवे स्टेशन से रोजाना 50 रेलगाड़ियों का अप-डाउन होता हैं। इन ट्रेनों में हजारों यात्री सफर करने पहुंचते हैं मगर स्टेशन पर कोरोना से बचाव करने के कोई इंतजाम नहीं है। हालांकि शुरू में स्टेशन पहुंचने वाले यात्रियों के सैंपल लिए जाते थे। उनकी स्क्रीनिंग के अलावा हाथ सैनिटाइज करवाए जाते थे मगर पिछले काफी महीनों से कोरोना नियमों का कोई पालन नहीं हो रहा है। वहीं रोजाना हिसार रेलवे स्टेशन पर यात्री से लेकर रेलवे अधिकारी भी बिना मास्क देखे जाते हैं। यात्रियों के बीच किसी प्रकार की सामाजिक दूरी तक नहीं दिखाई देती। ऐसे में यात्री से लेकर रेलवे अधिकारी कोरोना नियमों की धज्जियां उड़ा रहे हैं।
सभी को कोरोना नियमों का पालन करना चाहिए। कोई मास्क नहीं लगा रहा है तो यह सबसे बड़ी लापरवाही है। हिसार रेलवे स्टेशन पर भी चेक करवाया जाएगा। - कैप्टन शशि किरण, मुख्य जनसंपर्क अधिकारी, उत्तर पश्चिम रेलवे
गोरखधाम ट्रेन से उतरते यात्री। संवाद- फोटो : Hisar