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कचरे से निकले कपड़ा, प्लास्टिक व पॉलिथीन का सीमेंट-थर्मल पावर प्लांट में ईंधन के रूप में होगा इस्तेमाल

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ढंढूर डंपिंग स्टेशन पर कचरा निस्तारण के लिए लगाई गई मशीन। - फोटो : Hisar
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हिसार। शहर के ढंढूर डंपिंग स्टेशन पर एजेंसी ने कचरे के निस्तारण का काम शुरू कर दिया है। मेयर व निगमायुक्त ने सोमवार को कचरे का निस्तारण शुरू करवाया। इस कचरे के ढेर में पड़े कपड़े, प्लास्टिक व पॉलिथीन का इस्तेमाल सीमेंट प्लांट व थर्मल पावर प्लांट में ईंधन के तौर पर इस्तेमाल किया जाएगा, जबकि बाकी बचे कचरे को खाद के तौर पर प्रयोग में लाया जाएगा। गुरुग्राम की एजेंसी प्रतिदिन एक हजार टन कचरे का निस्तारण करेगी। डंपिंग स्टेशन पर करीब 1.30 लाख टन कचरा पड़ा है।
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बता दें कि कई वर्षों से नगर निगम ढंढूर स्थित डंपिंग स्टेशन पर कूड़ा डाल रहा था। चूंकि अब यह एरिया निर्माणाधीन एयरपोर्ट के दायरे में आ गया है, जिस कारण इस डंपिंग स्टेशन पर पड़े कचरे को खत्म किया जाना है, ताकि यह कचरा भविष्य में एयरपोर्ट के लिए कोई बाधा न बने। एनजीटी की गाइडलाइन के अनुसार भी इस कचरे का निपटान किया जाना है। हालांकि एनजीटी की तरफ कचरे के निपटान को लेकर अप्रैल 2021 की डेडलाइन निर्धारित की गई थी।
यूं किया जाएगा कचरे का निपटान
सबसे पहले कचरे का वर्गीकरण (सेग्रीगेशन) किया जाएगा। यह कार्य एक मशीन के माध्यम से किया जाएगा। इस मशीन में 50 एमएम व 20 एमएम की जाली लगी हुई हैं। इन जालियों की मदद से कचरे के ढेर से कपड़ा, प्लास्टिक, पॉलिथीन को अलग-अलग किया जाएगा। एजेंसी की मानें तो इनका इस्तेमाल सीमेंट प्लांट व थर्मल पावर प्लांट में ईंधन के तौर पर किया जाएगा। इसके बाद जो कचरा बचेगा, उसका इस्तेमाल खेतों व पार्कों में खाद के रूप में किया जाएगा। इस तरह से पूरे कचरे का निपटान होगा।
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6.37 करोड़ में दिया है ठेका
नगर निगम प्रशासन की तरफ से इस कचरे के निपटान के लिए एजेंसी को 6.37 करोड़ रुपये में ठेका दिया गया है। निगम अधिकारियों की मानें तो इस पूरे कचरे का निपटान एक साल में कर दिया जाएगा। हालांकि एजेंसी का कहना है कि अगर बारिश ज्यादा बाधा नहीं डालती है तो वह इस कचरे का निपटान 6-8 माह में कर देंगे।
ढंढूर के अलावा शहरवासियों को भी मिलेगा फायदा
डंपिंग स्टेशन पर लगे कचरे के ढेर खत्म होने से ढंढूर के अलावा शहरवासियों को भी काफी फायदा होगा। चूंकि स्टेशन पर बार-बार कूड़े के ढेर में आग लगने की घटनाएं होती रहती थी, जिससे ढंढूर के ग्रामीणों को काफी परेशानी होती थी। यही नहीं यह धुआं शहर में भी प्रवेश कर जाता था। इस डंपिंग स्टेशन के कारण ढंढूर में काफी संख्या में लोगों को सांस संबंधी बीमारियों ने घेरा हुआ है। कचरा निस्तारण कार्य शुरू कराने के दौरान निगमायुक्त अशोक कुमार गर्ग, एक्सईन एचके शर्मा, एमई अमित बेरवाल, जेई प्रवीण शर्मा, एजेंसी के डायरेक्टर चिराग, सीएसआई देवेंद्र बिश्नोई आदि मौजूद रहे।
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