फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Fatehabad News: जिले में डेंगू पीड़ित दो नए मरीज मिले, 43 सैंपल एलाइजा जांच के लिए भेजे

विज्ञापन
फतेहाबाद में डेंगू से बचाव को लेकर पानी के बर्तन खाली करते हुए स्वास्थ्यकर्मी
विज्ञापन
फतेहाबाद। डेंगू का खतरा जिले में बढ़ना शुरू हो गया है। वीरवार को दो नए डेंगू पीड़ित मरीज मिले हैं, 43 आशंकित केस मिले हैं। जो आशंकित केस मिले हैं इनके सैंपल एलाइजा जांच को लेकर लैब में भेजे गए हैं। जिले में डेंगू पीड़ित मरीजों की संख्या 17 हो गई है। स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक रतिया के नंगल निवासी 60 वर्षीय बुजुर्ग और टोहाना के गुप्ता कॉलोनी निवासी 49 वर्षीय व्यक्ति डेंगू पीड़ित मिला है। दोनों ही मरीज घर पर उपचार ले रहे हैं। डेंगू पीड़ितों में 11 मरीज अस्पताल में दाखिल हो चुके हैं। वहीं डोर-टू-डोर सर्वे के दौरान अब तक 2246 जगहों पर लारवा मिल चुका है। इसमें 2196 लोगों को लारवा मिलने पर नोटिस दिया गया है। स्वास्थ्य विभाग लारवा मिलने वाली जगहों पर दवाई का छिड़काव करके नष्ट भी कर रही है।
विज्ञापन

अब तक मिल चुके हैं 436 आशंकित केस डेंगू को लेकर निजी अस्पताल अभी भी गंभीर नहीं है। बुखार पीड़ितों के सैंपल कम लैब में भेजे जा रहे है। एलाइजा जांच सिर्फ नागरिक अस्पताल में ही है। एलाइजा जांच के बाद रिपोर्ट आधार पर ही पॉजिटिव घोषित किया जा सकता है। जिले में अब तक 436 डेंगू आशंकित मिले हैं जिनके सैंपल लैब में भेजे गए हैं। इसमें जांच के दौरान 17 मरीज डेंगू पीड़ित मिले हैं।

कार्ड टेस्ट के 600 रुपये से ज्यादा नहीं ले सकते निजी लैब संचालक
डेंगू को लेकर निजी अस्पताल कार्ड टेस्ट के लिए 600 रुपये से ज्यादा नहीं ले सकते हैं। स्वास्थ्य विभाग ने 600 रुपये रेट निर्धारित कर रखा है। हालांकि डेंगू की पुष्टि एलाइजा टेस्ट के बाद ही की जा सकती है। जो कि स्वास्थ्य विभाग की लैब में ही हो सकती है।
विज्ञापन


जिले में ये डेंगू की स्थिति
वर्ष डेंगू मरीज मिले
2015 189
2016 38
2017 419
2018 56
2019 29
2020 35
2021 993
2022 154
2023 17

डेंगू के लक्षण
अचानक तेज बुखार होना, अचानक तेज सिर दर्द होना, मांसपेशियों व जोड़ों में दर्द होना, आंखों के पीछे दर्द होना।
कोट
डेंगू से बचाव को लेकर लोगों को खुद भी जागरूक होने की जरूरत है। अपने आसपास पानी इकट्ठा न होने दें। लक्षण दिखने पर जांच जरूर करवाएं। सरकारी अस्पतालों में जांच निशुल्क है।
विज्ञापन

-डॉ. विष्णु मित्तल, जिला महामारी रोकथाम विशेषज्ञ
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें