फतेहाबाद। प्रेम-प्रसंग के बीच पति की हत्या में शामिल पत्नी, उसके प्रेमी और साथी को अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश जेएस वधवा की अदालत ने आजीवन कारावास व जुर्माने की सजा सुनाई है। अदालत ने महिला के प्रेमी और उसके साथी को 35-35 हजार रुपये व महिला पर पांच हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
अभियोजन पक्ष के अनुसार जयसिंह, निवासी गांव शक्कर मंदोरी का गांव मानावाली निवासी सपना के साथ प्रेम प्रसंग चल रहा था। हालांकि सपना का विवाह उसके परिजनों ने गांव कुकड़ावाली निवासी धर्मबीर के साथ कर दिया। शादी के बाद भी सपना के जय सिंह के साथ संबंध बने रहे। जय सिंह ने अपना नाम बदलकर धर्मबीर से दोस्ती कर ली थी और उसके घर भी आने जाने लगा। इस दौरान सपना कई बार धर्मबीर व उसके माता-पिता को नशे की गोलियां दे देती थी और जयसिंह व सपना बाद में रात को आपस में मिलते थे। इसी दौरान उन्होंने धर्मबीर की हत्या करने साजिश रच डाली।
31 मार्च 2017 को जय सिंह अपने साथी भगत सिंह निवासी बनगांव के साथ गाड़ी में कुकड़ावाली आया और धर्मबीर को अपने साथ कार में बैठा लिया। रास्ते में उन्होंने मोटरसाइकिल का क्लच वायर व साफे से गला दबाकर धर्मबीर की हत्या कर दी और उसके शव को गांव बनगांव के एक खाल में दफना दिया था। बाद में जांच के दौरान पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर लिया था। अदालत ने तीनों को आजीवन कारावास व जुर्माने की सजा सुनाई है।