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वायरल की चपेट में बच्चे, सैंपल रिपोर्ट में हर 10वां मरीज डेंगू संक्रमित

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फतेहाबाद के निजी अस्पताल में ओपीडी में बच्चों की जांच करवाने पहुंचे अभिभावक। - फोटो : Fatehabad
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फतेहाबाद। डेंगू और वायरल बुखार जिले में लगातार बढ़ रहा है। बच्चे वायरल बुखार की चपेट में आ रहे हैं। सरकारी से लेकर निजी अस्पतालों की ओपीडी में रोजाना 100 से ज्यादा वायरल बुखार से पीड़ित बच्चे आ रहे है। यानी हर दूसरा-तीसरा बच्चा, बुखार, खांसी और जुकाम से पीड़ित हो रहा है। ये ही नहीं डेंगू का प्रकोप भी जिले में बढ़ रहा है। स्वास्थ्य विभाग डेंगू के जितने सैंपल ले रहा है उसमें हर 10वां मरीज डेंगू पॉजिटिव मिल रहा है। मंगलवार तक स्वास्थ्य विभाग ने डेंगू के 694 सैंपल लिए उसमें 77 पॉजिटिव मिल चुके हैं। हालांकि आंकड़ा इससे ज्यादा है सैंपलिंग कम हो रही है।
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मंगलवार को स्वास्थ्य विभाग से मिली रिपोर्ट के मुताबिक डेंगू के 15 नए मरीज मिले हैं। फतेहाबाद के भीमां बस्ती निवासी 13 वर्षीय लड़का, अग्रवाल कॉलोनी निवासी दो युवक, नहर कॉलोनी निवासी युवक, अग्रवाल कॉलोनी निवासी बुजुर्ग महिला, डीएसपी रोड निवासी बुजुर्ग महिला, बीघड रोड निवासी बुजुर्ग, अग्रवाल कॉलोनी निवासी 11 वर्षीय बालक, टोहाना निवासी युवक, जाखल निवासी युवक, गांव टिब्बी निवासी युवक, गांव कुम्हारिया निवासी युवती, गांव मताना निवासी युवक, रतिया निवासी युवक, गांव लाली निवासी युवती डेंगू पॉजिटिव मिली है। जिले में अब तक 77 मरीज मिल चुके हैं, इसमें 15 अस्पताल में दाखिल हैं। मंगलवार को टीम ने 1852 घरों में सर्वे किया, इसमें 40 घरों में लारवा मिला।
जिले में मात्र एक शिशु रोग विशेषज्ञ, निजी में लगी भीड़
बच्चे वायरल बुखार से पीड़ित होने के कारण निजी अस्पतालों में रोजाना 100 से ज्यादा ओपीडी हो रही है। अधिकतर बच्चे बुखार, खांसी-जुकाम से पीड़ित आ रहे है। मंगलवार को इसको लेकर सरकारी और निजी अस्पताल में रियलिटी चेक किया गया। जिला नागरिक अस्पताल में ही एकमात्र शिशु रोग विशेषज्ञ है। यहां पर रोजाना 80 से 100 मरीज आ रहे है, इसमें अधिकतर वायरल बुखार के ही है। एकमात्र शिशु रोग विशेषज्ञ होने के कारण नर्सरी के साथ-साथ ओपीडी भी संभालनी पड़ रही है। निजी अस्पतालों में भी ये ही हालात है। सुबह से शाम तक रोजाना 100 से 110 ओपीडी आ रही है। रतिया, भट्टू, भूना से लोग बच्चों के उपचार के लिए यहां के निजी अस्पतालों में आ रहे है। शिशु रोग विशेषज्ञ की जिले के अन्य स्वास्थ्य केंद्रों में सुविधा नहीं है। इसके चलते उपचार के लिए भारी भरकम खर्च निजी अस्पतालों में चुकाना पड़ रहा है।
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डेंगू का प्रकोप बढ़ा, जिले में फीजिशियन नहीं
जिले में डेंगू का प्रकोप बढ़ रहा है यहां तक कि फतेहाबाद शहर में सबसे ज्यादा डेंगू के मरीज मिल चुके है। करीब 80 फीसदी मरीज डेंगू के फतेहाबाद शहर में है। लेकिन बावजूद इसके नागरिक अस्पताल में फिजिशियन नहीं है। जिले के अन्य स्वास्थ्य केंद्रों के भी ये ही हालात है। बुखार पीड़ितों को सुविधाएं न मिल पाने के कारण उपचार के लिए निजी में जाना पड़ रहा है।
कागजों में बना शेड्यूल, नहीं हो रही फॉगिंग
नगर परिषद ने कागजों में फॉगिंग को लेकर बेशक शेड्यूल बना दिया है लेकिन वास्तविक में फॉगिंग नहीं हो रही है। नप कर्मचारी मात्र औपचारिकता के लिए 10 से 15 मिनट फॉगिंग कर रहे हैं। शेड्यूल के मुताबिक फॉगिंग नहीं हो रही है। नप ने 10 दिन का फॉगिंग शेड्यूल जारी किया था। फॉगिंग न होने के पीछे नप और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी एक-दूसरे पर जिम्मेदारी डाल रही है।
डेंगू के लक्षण
अचानक तेज बुखार का होना
अचानक तेज सिर दर्द होना
मांस-पेशियों तथा जोड़ में दर्द होना
आंखों के पीछे दर्द होना
चिकनगुनिया के लक्षण
बुखार के साथ जोड़ों में दर्द व सूजन
कंपकंपी व ठंड के साथ बुखार का अचानक बढ़ना
सिर दर्द होना
ऐसे करें बचाव
घरों के आसपास गड्ढों में मिट्टी भरवा दें।
कूलर, टैंक या अन्य पानी से भरे हुए बर्तन सप्ताह में एक बार जरूर खाली करें।
शरीर को ढककर रखें और पूरी बाजू के कपड़े ही पहनें।
बुखार आने पर डॉक्टर की सलाह जरूर लें।
बच्चों को अच्छी डाइट दें, ठीक होने पर ही बाहर निकालें
बच्चों की ओपीडी बढ़ी है, वायरल बुखार से पीड़ित बच्चे आ रहे है। माता-पिता से अपील है कि बच्चों का जो टीकाकरण जरूर करवाएं। इसके अलावा बच्चों को अच्छी डाइट दें। अगर वह वायरल बुखार से पीड़ित हैं तो उन्हें बाहर न निकालें। पूरी तरह से स्वस्थ होने के बाद ही बाहर जाने दें। ऐसे में इंफेक्शन अन्य बच्चों में भी जाने का खतरा रहता है।
- डॉ. वरूण मुंजाल, शिशु रोग विशेषज्ञ, नागरिक अस्पताल।
कोट
जिले में डेंगू के मंगलवार को 15 नए केस मिले है। कुल संख्या 77 हो गई है। स्वास्थ्य विभाग की टीम लगातार सर्वे कर रही है और लोगों को जागरूक कर रही है। लोगों से अपील है कि वह अपने घर या आसपास पानी इकट्ठा न होने दें।
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- डॉ. वीरेश भूषण, सिविल सर्जन।
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