भिवानी। बहुजन क्रांति मोर्चा के राष्ट्रीय संरक्षक वामन मेश्राम एवं राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौ. विकास पटेल के भारत बंद आह्वान के तहत बुधवार को राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग मोर्चा के बैनर तले विभिन्न संगठनों ने मिलकर शहर में प्रदर्शन किया। उन्होंने प्रदर्शन कर जनगणना अधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा। प्रदर्शन ओबीसी की जाति आधारित जनगणना करवाने, वोटिंग मशीन के विरोध, नई शिक्षा नीति के खिलाफ, कृषि कानूनों में एमएसपी की गारंटी न देने के विरोध, पुरानी पेंशन बहाल न करने के विरोध, ओबीसी को संख्या के अनुपात में हिस्सेदारी न देने के विरोध, मजदूर विरोधी कानूनों के खिलाफ किया।
इंडियन मेडिकल प्रोफेशनल एसोसिएशन ऑफ हरियाणा के प्रभारी विनोद सांगा, प्रजापति महासंघ के राष्ट्रीय महासचिव सुरेश प्रजापति, अपना समाज मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष राजेंद्र तंवर, सुरेश सैनी, रणबीर भाटी, लीलाराम वर्मा, गणेशीलाल वर्मा, डॉ. शमशेर सिंह, डॉ. पवन, सतीश मेहरा, मनोज उमरावत ने कहा कि ओबीसी की जाति आधारित जनगणना सहित अन्य मांगों को लेकर पिछड़ा वर्ग के लोग काफी लंबे समय से संघर्षरत्त है, लेकिन उनकी मांगों को बार-बार अनसुना किया जा रहा है। इसके विरोध में अब पिछड़ा वर्ग लोगों का सब्र का बांध टूट गया है। उन्होंने कहा कि जब वोट लेने की बारी आती है तो कोई भी राजनीतिक पार्टी पिछड़ा वर्ग को एक बड़े वोट बैंक के रूप में देखती है, लेकिन जब उनके अधिकारों की बात आती है तो सभी राजनीतिक पार्टियां आंख मूंद लेती है। उन्होंने कहा कि सरकार की इसी बेरूखी के विरोध में अब पिछड़ा वर्ग ने संघर्ष का बिगुल फूंक दिया है। इस अवसर पर सोमबीर बौद्ध, हरीश गौतम, भीष्म खानक, रविंद्र खानक, विनोद खानक, प्रवीण जमालपुर, राजेश बलियाली, रामपाल मेहरा, राकेश सांगा, संजय खानक, संजीव उमरावत, आशु उमरावत, धर्मेंद्र पहलवान, डॉ. शालिनी, डॉ. संदीप, प्रीति, डॉ. उमेद सांवड़, रमेश वर्मा, नसीब, अनिल बामला, पवन बलियाली, संदीप कटारिया, राजीव बलियाली, मा. सुरेंद्र सिंह, चंद्र सिंह बलियाली, फूलचंद टैंपोरिया, राजू खरक, अनिल नाथुवास आदि उपस्थित रहे।