बस्ती जिले के घर से घूमने गए युवक की ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई। सूचना पर पहुंची जीआरपी पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर फोन के जरिए घटना की सूचना परिजनों को दिया। हर्रैया थाना क्षेत्र के कोदई गांव के रहने वाले परिवार के लोगों ने पहचान परिवारी जनों ने बस्ती पहुंचकर शव की पहचान संजय कुमार यादव उर्फ संजय के रूप में किया। घटना से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। घटना का पूरे गांव में मातम का माहौल है। गुरुवार को पुलिस ने शव को पीएम के लिये भेज दिया।
हर्रैया थाना क्षेत्र के कोदई गांव के रहने वाले संजय कुमार यादव पुत्र राम चरित्र यादव बुधवार की देर रात घर से निकलकर बस्ती रेलवे स्टेशन पर एक दोस्त से मिलने के लिए गए थे। रात 9:30 बजे वह फोन से बात करते करते संजय कुमार यादव रेलवे क्रासिंग से आगे बढ़कर चीनी मिल साइड बस्ती से गोरखपुर के ट्रैक पर पहुंच गए।
मृतक निकला गेटमैन का बहनोई
इस दौरान वहां से एक मालगाड़ी ट्रैक से गोरखपुर जा रही थी। अचानक वह हड़बड़ा कर पटरी पर गिर गया। ट्रेन उसके ऊपर से गुजर गई, जिससे शरीर के दो दुकड़े हो गए। रात होने के कारण काफी देर तक शव पड़ा रहा। ट्रेन चालक ने युवक के साथ दुर्घटना होने की सूचना ओडवारा क्रासिंग के गेटमैन रोहित यादव को दिया, संयोग से वह संजय यादव का बहनोई थे। लेकिन उन्हें यह पता नहीं था कि हादसे में उसके ही साले की मौत हुई है।
परिजनों को दी गई घटना की सूचना
सूचना पर पहुंची जीआरपी ने शव को कब्जे में लिया। उस समय युवक की मोबाइल चल रही थी। पुलिस ने मोबाइल के जरिये घटना की सूचना परिजनों को दिया। परिवार के लोगों ने घटना की जानकारी दिवंगत युवक संजय कुमार यादव के बहनोई रोहित यादव को दिया रोहित यादव सबसे पहले घटनास्थल पर पहुंच गए। परिजनों ने शव की पहचान करते हुऐ दहाड़ मारकर रोने लगे।
घटना की जानकारी होते ही गांव के पूर्व जिला पंचायत सदस्य समीर चौधरी, आनंद वर्मा, राकेश पूर्व जिला पंचायत सदस्य समीर चौधरी, आनन्द वर्मा, राकेश दुबे, बीरेन्द्र ओझा,व्यापारी नेता जगदीश चंद अग्रहरि सहित कई रिस्तेदार पहुंच गये। परिवार को सभालने में जुट गए। दिवंगत सजंय कुमार यादव की तीन माह पहले शादी हुई थी। वह अपने मां-बाप का एकलौते पुत्र थे। आरपीएफ इंस्पेक्टर नरेंद्र यादव ने बताया कि मालगाड़ी से युवक की मौत हुई थी। शव को पीएम के लिये भेजा गया है।