यूपी बोर्ड से दसवीं ओर बारहवीं की परीक्षाओं के लिए पंजीकरण कराने वाले 142744 विद्यार्थियों को बिना परीक्षा दिए अगली कक्षा में प्रोन्नत तो कर दिया गया है। मगर परीक्षा के नाम पर जो क्रमश: 501 और 601 रूपये का परीक्षा शुल्क जमा कराया गया है। उसकी वापसी को लेकर ऊहापोह की स्थिति बन गई है।
इस बाबत अधिकारी गेंद शासन के पाले में डालकर पल्ला झाड़ रहे हैं। शुल्क छात्र-छात्राओं को वापस होगा या नहीं, इस पर फिलहाल पेच फंसा है। अधिकारी भी इस बारे में कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दे पा रहे।
जनपद में शासन के आदेश पर हाईस्कूल के 74603 और इंटर के 68141 विद्यार्थी बिना परीक्षा दिए अगली कक्षा में प्रमोट हुए हैं। संस्थागत और व्यक्तिगत के कुल विद्यार्थियों की संख्या के मुताबिक आठ करोड़ रुपये जमा किए हैं। इसकी रसीद परीक्षा फार्म के साथ विद्यार्थियों ने संलग्न की थी।