अचानक होने लगता है तेज दर्द
डॉ राजेश कुमार ने बताया कि थ्रंबो एंजाइटिस ऑब्लिट्रेंस से प्रभावित होने पर हाथों और पैरों में अचानक तेज दर्द होने लगता है। मरीज की अंगुलियां पीली लाल या नीली दिखाई देने लगती हैं और छूने पर ठंड महसूस होती है। ऐसा खून में रुकावट की वजह से होता है। बीमारी में आराम करने पर भी हाथों और पैरों में दर्द लगातार बना रहता है। किसी भी तरह का तनाव होने पर समस्या और बढ़ जाती है। अगर समय रहते इस बीमारी का इलाज न किया गया तो पैरालाइसिस का खतरा 90 प्रतिशत बढ़ जाता है।
जांच डॉक्टर की सलाह पर कराएं
डॉ राजेश ने बताया कि थ्रंबो एंजाइटिस ऑब्लिट्रेंस गंभीर बीमारी है। इसकी जांच प्लेथिस्मोग्रॉफी, रक्त वाहिकाओं का अल्ट्रासाउंड और एक्स-रे से की जाती है। कई बार इन जांचों से भी रोग की सही जानकारी नहीं हो पाती है। ऐसे में रक्त वाहिका की बायोप्सी भी की जाती है। इलाज करीब एक से डेढ़ साल तक चलता है। समस्या बढ़ने पर सर्जरी करनी पड़ती है। सर्जरी में रक्त के प्रवाह को बाधित करने वाली नस को काटकर निकाल दिया जाता है।