लाखों रुपये कीमत की चोरी के जेवरात व अन्य उपकरण भी बरामद किए गए थे। दो दिन पहले परशुरामपुर थाने के बस्थनवां में लोहार के घर में असलहे की फैक्ट्री पकड़ी गई। सुभाष लोहार नाम के कारीगर और उसके सहयोगियों के कब्जे से भारी मात्रा में तमंचा, कारतूस, बर्मा मशीन, ग्राइंडर, आयरन कटर, डाइमेकर आदि के साथ 47 अर्द्धनिर्मित तमंचा बरामद किया गया था।
एसपी हेमराज मीणा का कहना है कि पुलिस लगातार अभियान चलाकर अवैध असलहों का प्रचलन रोक रही है। 105 अभियुक्त गिरफ्तार किए जा चुके हैं। बाकी के लिए टीमें जुटी हैं।
देसी असलहे के अलावा मेड इन चीन या जापान लिखा हुआ विदेशी मॉडल असलहे की खासी डिमांड है, जिसे मुंगेर से लाकर बेचा जाता हैं। पिस्टल, रिवाल्वर, तमंचा बारह बोर, तीन सौ पंद्रह, अद्धी शामिल है। सबसे अधिक विदेशी मॉडल के माउजर और पिस्टल की डिमांड है, जो बीस से लेकर चालीस हजार के बीच बिकते हैं।