गोरखपुर जिले के झंगहा इलाके के मोतीराम अड्डा के टोला डिक्की में प्रियंका यादव (28) की हत्या की गई थी। फंदे से लटकता शव मिलने के बाद खुदकुशी की आशंका जताई गई थी, लेकिन पोस्टमार्टम में सिर में चोट से मौत की पुष्टि हुई। पुलिस ने केस दर्ज कर पति को गिरफ्तार किया तो उसने हत्या की बात कबूल कर ली।
बताया कि चरित्र पर संदेह होने की वजह से उसका पत्नी से झगड़ा हुआ। वह फंदा लगाकर लटकने की बात कर रही थी तो पीछे से सिर पर डंडे से प्रहार कर दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। बताया कि पत्नी पहले भी इस तरह दो बार फंदा लगाने की धमकी दे चुकी थी, लेकिन फिर खुद ही उतर जाती थी, इस वजह से पति ने उसे मौत के घाट उतार दिया। पकड़े गए आरोपी पति पप्पू यादव को पुलिस ने शुक्रवार को कोर्ट में पेश किया, जहां से जेल भेजा गया।
चौकी इंचार्ज वीरेंद्र सिंह ने बताया कि फंदे से लटकी लाश मिलने के बाद मायके वालों ने गला दबाकर हत्या की आशंका जताई थी। लेकिन, गले पर चोट के निशान नहीं थे। पोस्टमार्टम में सिर में चोट की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने संदेह के आधार पर पति पप्पू यादव को गिरफ्तार कर पूछताछ की तो उसने पूरी घटना कबूल कर ली। प्रियंका की शादी 12 साल पहले हुई थी। एक दस साल की बेटी है और एक आठ साल का बेटा है। मां की मौत और पिता के जेल जाने की वजह से दोनों बच्चे अनाथ हो गए। दोनों बच्चों को दादा-दादी ने अपने पास रखा है।