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पड़ताल: दिवाली पर घर आएं तो एनसीआर लौटने का इंतजाम पहले करवाएं, हर जगह सीट फुल

Sat, 28 Oct 2023 03:29 PM IST
vivek shukla संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर।

सार

बीएस-6 श्रेणी की गाड़ियों से निकलने वाले धुएं में सल्फर की मात्रा 10 पीपीएम (कण प्रति 10 लाख) होती है, जबकि बीएस-4 के धुएं में सल्फर की मात्रा 50 पीपीएम है। इसके अलावा बीएस-6 डीजल वाहनों में नाइट्रोजन ऑक्साइड की मात्रा 70 प्रतिशत तक कम हो जाएगी।
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ट्रेन में यात्रियों की भीड़। - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
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दिवाली के बाद रोडवेज बसों से दिल्ली जाने वाले यात्रियों की राह कठिन होने वाली है। बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए दिल्ली सरकार ने 12 नवंबर से बीएस-4 बसों के दिल्ली-एनसीआर में प्रवेश पर रोक लगा दी है। सिर्फ बीएस-6 बसें ही दिल्ली-एनसीआर में प्रवेश कर पाएंगी। अभी रोडवेज के पास इस श्रेणी की मात्र 12 बसें ही गोरखपुर में हैं।

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दिल्ली में रहने वाले यहां के लोग बड़ी संख्या में दिवाली और छठ पूजा मनाने के लिए घर आते हैं। दिल्ली से गोरखपुर आने वाली वैशाली, गोरखधाम, बिहार संपर्क क्रांति, हमसफर एक्सप्रेस आदि प्रमुख ट्रेनों में नवंबर तक वेटिंग है। ट्रेनों के फुल होने के बाद रोडवेज की बसें ही उनका सहारा होती हैं। लेकिन, दिल्ली सरकार ने दिवाली के बाद दिल्ली को प्रदूषण से बचाने के लिए बीएस-4 बसों के दिल्ली में प्रवेश पर रोक लगा दी है। ये रोक 12 से 20 नवंबर के तक जारी रहेगी। ऐसे में यात्रियों को दिल्ली पहुंचने मे दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा।

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रोडवेज से मिली जानकारी के अनुसार, गोरखपुर से हर दिन करीब 50 बीएस-4 बसें दिल्ली जाती हैं। वर्तमान में गोरखपुर के पास सिर्फ चार ही बीएस-6 बसें हैं, जो दिल्ली के लिए चलाई जाती है। रोडवेज प्रशासन का दावा है कि दिवाली के पहले उन्हें बीएस-6 40 बसें मिल जाएंगी। इन्हें दिल्ली के लिए चलाया जाएगा। इसमें गोरखपुर जिले के खाते में 12 बसें आएंगी।
 

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हवा में पांच गुना कम सल्फर घोलती बीएस-6 मॉडल की गाड़ियां

बीएस-6 श्रेणी की गाड़ियों से निकलने वाले धुएं में सल्फर की मात्रा 10 पीपीएम (कण प्रति 10 लाख) होती है, जबकि बीएस-4 के धुएं में सल्फर की मात्रा 50 पीपीएम है। इसके अलावा बीएस-6 डीजल वाहनों में नाइट्रोजन ऑक्साइड की मात्रा 70 प्रतिशत तक कम हो जाएगी। पेट्रोल वाहनों में 25 प्रतिशत की कमी आएगी।

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गोरखपुर परिक्षेत्र परिवहन निगम सेवा प्रबंधक संजीव यादव ने कहा कि दिवाली बाद दिल्ली-एनसीआर में सिर्फ बीएस-6 मॉडल की बसें ही जा सकेंगी। जल्द ही गोरखपुर परिक्षेत्र को 40 बीएस-6 मॉडल की बसें मिलने वाली हैं, जिसे दिल्ली के लिए चलाया जाएगा। यात्रियों को किसी तरह की दिक्कत न हो इसकी पूरी व्यवस्था की जाएगी।

 
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