प्रो. जेपी सैनी। (फाइल)
- फोटो : अमर उजाला।
मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के शैक्षणिक एवं अनुसंधान गतिविधि को ऊंचाई पर ले जाकर नई पहचान दिलाने का प्रयास होगा। शासन द्वारा संचालित योजनाओं का अनुपालन कराया जाएगा।
ये बातें एमएमएमयूटी के नवनियुक्त कुलपति प्रो. जेपी सैनी ने कहीं। उन्होंने कहा कि वह एमएमएमयूटी व यहां के लोगों से भलीभांति परिचित हैं। सबको साथ लेकर आगे बढ़ा जाएगा। वे एमएमएमयूटी के चौथे कुलपति होंगे। वर्तमान में वे नई दिल्ली स्थित नेताजी सुभाष यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी के कुलपति के साथ एनएसयूटी, नई दिल्ली के संस्थापक कुलपति भी हैं।
प्रो. सैनी जनवरी 2010 से दिसंबर 2013 तक मदन मोहन मालवीय इंजीनियरिंग कॉलेज के प्राचार्य भी रहे हैं। इस दौरान उनके पास एमकेआर इंजीनियरिंग कॉलेज ऑफ इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी, आजमगढ़ के प्राचार्य का अतिरिक्त प्रभार भी था। उन्होंने 1987 में केएनआईटी सुल्तानपुर से इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग में बीटेक, 1996 में आईआईटी कानपुर से इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग में एमटेक, 2001 में केएनआईटी, डॉ. राम मनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय से पीएचडी की उपाधि प्राप्त की है।
इसे भी पढ़ें: गोरखपुर में जालसाजी: मेहमान बनकर आया और शेयर का झांसा देकर 47 लाख ठग लिए, केस दर्ज
वे जुलाई 2017 से सितंबर 2018 तक नेताजी सुभाष इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, नई दिल्ली के निदेशक रहे हैं। इसके पूर्व डॉ. आंबेडकर इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी फॉर हैंडीकैप्ड, कानपुर के दो बार निदेशक रह चुके हैं। उनके पास शिक्षण, शोध, एवं अकादमिक प्रशासन में 31 वर्षों का अनुभव है। उन्होंने 200 से अधिक अंतरराष्ट्रीय/राष्ट्रीय शोध पत्र प्रकाशित किए हैं और कई पीएचडी शोध प्रबंधों का पर्यवेक्षण किया है। वे विभिन्न प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय पत्रिकाओं के समीक्षक भी रहे हैं।