अभिनेता सनी देओल के करियर में की गई कई फिल्मों की वजह से उनकी 'एंग्री यंग मैन' की छवि बरकरार है। इसे लेकर लोगों का मानना है कि वह असल जिंदगी में भी उतने ही मनमौजी हैं, जितने बड़े पर्दे पर हैं। फिल्म निर्माता इम्तियाज अली को उनकी पहली फिल्म 'सोचा ना था' के नरेशन समझाने के लिए सनी देओल से मिलने से पहले इस बारे में चेतावनी दी गई थी। इम्तियाज जब फिल्म के नरेशन के लिए अभिनेता से मिले तो उनकी धारणा बदल गई।
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'सोचा ना था' को लेकर क्या बोले इम्तियाज
इम्तियाज अली आज भी सनी देओल का बहुत अधिक सम्मान करते हैं। क्योंकि वह पहले व्यक्ति थे, जिन्होंने उन्हें उनकी पहली फिल्म दी थी। 'तमाशा', 'लव आज कल', 'जब वी मेट', और 'रॉकस्टार' जैसी शानदार फिल्मों के लिए जाने जाने वाले इम्तियाज अली ने यह बताया कि कैसे उन्हें अपनी पहली फिल्म 'सोचा ना था' बनाने का मौका मिला था। इस फिल्म में अभय देओल और आयशा टाकिया अहम किरदार में नजर आए थे।
अभिनेता से बहुत डरे थे इम्तियाज अली
बता दें कि सनी देओल को जब पता चला कि इम्तियाज अली उनके चचेरे भाई अभय के साथ फिल्म बनाने की योजना बना रहे हैं। तो उन्होंने फिल्म निर्माता को मिलने के लिए बुलाया। इम्तियाज जब अभिनेता से मिलने के लिए पहुंचे तो वह काफी डरे हुए थे। क्योंकि उन्हें बोला गया था, 'सनी देओल उन्हें थप्पड़ भी मार सकता है।' मगर, जब इम्तियाज उनसे मिले तो वह बहुत खुश हुए। फिल्म 'सोचा ना था' को सबसे पहले सनी देओल ने ही पास किया था।
सनी देओल का बेहद सम्मान करते हैं इम्तियाज
इम्तियाज अली आज भी सनी देओल का बहुत ज्यादा सम्मान करते हैं। अभय देओल और आयशा टाकिया स्टारर फिल्म 'सोचा ना था' 4 मार्च 2005 को सिनेमाघरों में रिलीज हुई थी। फिल्म को दर्शकों को खूब प्यार मिला था। वहीं, सनी देओल की बात करें, तो उन्होंने फिल्म 'गदर 2' से अपनी धमाकेदार वापसी की है। यह फिल्म इस साल की दूसरी सबसे बड़ी हिट फिल्म है।