राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) की वरिष्ठ नेता सुप्रिया सुले ने आरोप लगाया है कि बारामती लोकसभा क्षेत्र के जिस स्ट्रॉन्ग रूम में इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनें रखी गई थीं, वहां के सीसीटीवी कैमरे 45 मिनट के लिए बंद कर दिए गए थे। उन्होंने इसे संदिग्ध बताते हुए चुनाव आयोग से स्पष्टीकरण की मांग की। कहा कि घटना के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जानी चाहिए। वहीं, निर्वाचन क्षेत्र की रिटर्निंग अधिकारी कविता द्विवेदी ने आरोपों का जवाब दिया। कहा, केवल डिस्प्ले को अस्थाई रूप से बंद किया गया था। हालांकि इस अस्थाई बंद के लिए कोई कारण नहीं बताया गया।
जिला सूचना कार्यालय पुणे द्वारा एक्स डाली गई पोस्ट में कहा, रिटर्निंग अधिकारी कविता द्विवेदी के स्पष्टीकरण के अनुसार, बारामती लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र के जिस गोदाम में ईवीएम रखी गई हैं, वहां की सीसीटीवी प्रणाली पूरी तरह चालू है। सभी डेटा सुरक्षित है, केवल डिस्प्ले अस्थाई रूप से बंद है। यह स्पष्टीकरण मौजूदा सांसद सुप्रिया सुले की ओर से की गई पोस्ट के बाद आया है।
संबंधित अधिकारियों से नहीं मिला संतोषजनक जवाब
सुले ने एक पोस्ट में लिखा, यह संदेहास्पद है कि जहां ईवीएम जैसी बहुत महत्वपूर्ण चीज रखी गई है, वहां सीसीटीवी कैमरे बंद हैं, यह एक बड़ी ढिलाई है। जब चुनाव प्रतिनिधियों ने संबंधित अधिकारियों से संपर्क किया तो कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला।
बारामती लोकसभा पर 7 मई को हो चुका मतदान
बता दें कि बारामती लोकसभा सीट पर 7 मई को मतदान हो चुका है। यहां राकांपा के संरक्षक शरद पवार की बेटी सुप्रिया सुले का मुकाबला अपनी भाभी सुनेत्रा पवार से है, जो उनके चचेरे भाई और महाराष्ट्र के उप-मुख्यमंत्री अजित पवार की पत्नी हैं।
शरद पवार के साथ केवल 12 विधायक
पिछले साल जुलाई में अजित पवार ने भाजपा-एकनाथ शिंदे गठबंधन से हाथ मिला लिया था। पार्टी के 53 विधायकों में से केवल 12 एनसीपी संस्थापक शरद पवार का समर्थन कर रहे हैं, 41 विधायक अजित पवार के साथ हैं। वहीं, प्रत्येक तरफ दो-दो सांसद हैं।