राजधानी में भीषण गर्मी और हरियाणा से पर्याप्त पानी यमुना नदी में नहीं छोड़ने के कारण पेयजल संकट ने पैर पसार लिए है। यमुना नदी स्थित वजीराबाद बैराज में पानी का स्तर न्यूनतम स्तर पर पहुंचने के कारण उससे जुड़े दिल्ली जल बोर्ड के तीन जल शोधक संयंत्रों से पानी की आपूर्ति 60 से 70 प्रतिशत प्रभावित हो गई है। इसके अलावा दिल्ली जल बोर्ड के अन्य संयंत्रों से जुड़े इलाकों में भी पानी की कमी हो गई है। इन क्षेत्रों के निवासी दिल्ली जल बोर्ड को अपने इलाके की समस्या से अवगत कराने के साथ-साथ पेयजल आपूर्ति सामान्य करने का आग्रह कर रहे है।
यमुना नदी में हरियाणा की ओर से पर्याप्त पानी नहीं छोड़ने के कारण वजीराबाद बैराज में पानी का स्तर निरंतर कम हो रहा है। इसका सीधा असर इससे जुड़े दिल्ली जल बोर्ड के वजीराबाद, चंद्रावल और ओखला जल शोधक संयंत्र पर पड़ रहा है। इन संयंत्रों से पानी की आपूति 60 से 70 प्रतिशत प्रभावित हो रही है। दरअसल वजीराबाद बैराज में पानी का सामान्य स्तर 674.50 फीट है, लेकिन यहां गत बहस्पतिवार को पानी का स्तर गिरकर 671.80 फीट रह गया था। इतना ही नहीं, बैराज में पानी का स्तर गिरने का सिलसिला निरंतर जारी है। यहां पर सोमवार को पानी का स्तर 669.40 फीट था और मंगलवार को पानी का स्तर 669 फीट दर्ज किया गया।
उधर दिल्ली जल बोर्ड के तीनों संयंत्रों से जुड़े नई दिल्ली, सिविल लाइन, हिंदू राव अस्पताल, कमला नगर, शक्ति नगर, करोल बाग, पहाड़ गंज, राजेंदर नगर, पटेल नगर, बलजीत नगर, प्रेम नगर, इंद्रपुरी, कालकाजी, गोविंदपुरी, तुगलकाबाद, संगम विहार, अंबेडकर नगर, प्रहलादपुर, रामलीला ग्राउंड, दिल्ली गेट, सुभाष पार्क, मॉडल टाउन, गुलाबी बाग, पंजाबी बाग, जहांगीरपुरी, मूलचंद, साउथ एक्सटेंशन, ग्रेटर कैलाश, बुराड़ी, दिल्ली छावनी और आसपास के क्षेत्रों में पिछले पांच दिनों की तरह मंगलवार को भी पेयजल आपूर्ति प्रभावित रही। इस कारण लोगों को भीषण गर्मी के साथ-साथ पानी की समस्या का भी सामना करना पड़ रहा है।
दक्षिण दिल्ली के लोग पानी खरीद कर पी रहे हैं पानी-
ओखला जल शोधक से जुड़े दक्षिण दिल्ली के कालकाजी, गोविंदपुरी, तुगलकाबाद, संगम विहार, अंबेडकर नगर, प्रहलादपुर, मदनपुर खादर, जसोला, सरिता विहार, सुखदेव विहार, हाजी कालोनी, बटला हाऊस, जामिया नगर आदि इलाकों में पानी का गंभीर संकट पैदा हो गया है। इन इलाकों के कुछ लोगों को पीने का पानी खरीदना पड़ रहा है, वहीं वह घरेलू उपयोग के लिए हैंड पंप का पानी उपयोग कर रहे है। दूसरी ओर मध्य दिल्ली के पटेल नगर में भी पानी की दिक्कत हो गई है। इसी तरह दक्षिण पश्चिम दिल्ली के कापसहेड़ा और नजफगढ़ इलाके के जय विहार एवं अन्य इलाकों में पानी नहीं आ रहा है। इस संबंध में स्थानीय लोगों ने दिल्ली जल बोर्ड को अवगत कराया है।
टैंकर आते ही पानी भरने के लिए मच गई भगदड़
बंगला साहिब एवं ट्रैफिक ट्रेनिंग पार्क के मध्य रैन बसरों के सामने दोपहर साढ़े 12 बजे एनडीएमसी का टैंकर पानी लेकर आते ही स्थानीय निवासियों में भगदड़ मच गई। महिलाएं ही नहीं, बल्कि पुरुष और बच्चे भी कैन आदि बर्तन एवं बोतल लेकर टैंकर की दौड़ पड़े और एक-दूसरे से पहले पानी भरने के लिए टैंकर में लगी टूटियों पर कब्जा करने लग गए।
यहां रहने वाले लोगों को टैंकर से पानी भरते हुए देखकर लगा कि उनके पास पानी की भारी कमी है। उनके घरों में पीने का भी पानी नहीं है। दरअसल कुछ महिलाएं एवं पुरुष टैंकर से कैन आदि बर्तनों में पानी भरने से पहले बोतल भरकर पानी भी पीने लग गए। हालांकि उनके बीच पानी भरने के दौरान लड़ाई-झगड़ा नहीं हुआ। इस दौरान स्थानीय निवासी मनमोहन ने बताया कि कई दिन से उनके यहां उतने ही पानी के टैंकर आते है जितने सर्दी के मौसम में आते थे, जबकि गर्मी में पानी की मांग दोगुना से अधिक बढ़ हुई है। उनके यहां पर दो टैंकर पानी लेकर आते है। यहां रैन बसरों में बड़ी संख्या में लोग रहते है।