देश को दहलाने के लिए पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई ने अंडरवर्ल्ड से सांठगांठ की है। अंडरवर्ल्ड एक धर्मविशेष से प्रभावित व अपराधिक प्रवृति के लोगों को बम धमाकों के लिए इस्तेमाल करने की फिराक में है। इस बार अंडरवर्ल्ड को आतंकियों के लिए फंडिंग करना और हवाला के जरिए पैसा भेजने का काम सौंपा गया। आतंकियों के इस मोड्यूल के पर्दाफाश के बाद ये बात सामने आई है कि दाऊद इब्राहिम का भाई अनिस इब्राहिम इस समय पाकिस्तान में है।
विशेष पुलिस आयुक्त नीरज ठाकुर ने बताया कि आतंकी ओसामा व जीशान मस्कट होकर आतंकी ट्रेनिंग लेने पाकिस्तान गए थे। ओसामा 22 अप्रैल, 2021 को लखनऊ से फ्लाइट से मस्कट गया था। यहां पर उसे जीशान मिला था। जीशान भी आतंकी ट्रेनिंग लेने पाकिस्तान जा रहा था। यहां ग्वादर पोर्ट, पाकिस्तान से वोट के जरिए थाट्टा पाकिस्तान ले जाया गया। इनको कई वोट बदलकर ले जाया था। इनको पाकिस्तान में एक फार्महाउस में रखा गया। फार्महाउस में तीन पाकिस्तानी थे। इनमें से दो पाकिस्तान सेना की वर्दी में रहते थे। वह सेना की वर्दी पहनते थे। उन्हें 15 दिन की आतंकी ट्रेनिंग दी गई थी। ट्रेनिंग के दौरान इनको आईईडी बनाने व हथियार चलाने की ट्रेनिंग दी गई।
जीशान व ओसामा ने बताया कि वहां पर 15 से 16 युवक आतंकी ट्रेनिंग ले रहे थे। ये युवक बांग्ला भाषा बोल रहे थे। भाषा से लग रहा था कि ये युवक बांग्लादेश के हो सकते हैं। इनको कई ग्रुप में बांटा गया था। जीशान व ओसाम को एक ग्रुप में रखा गया था। पाकिस्तान में उनको एके-47 समेत अन्य छोटे-बड़े हथियारों को रखना व चलाना सिखाया गया। करीब 15 दिन की ट्रेनिंग के बाद इनको वापस वोट के जरिए मस्कट लाया गया। यहां से फ्लाइट से ये वापस भारत आ गए।
गिरफ्तार आरोपियों को आतंकी योजना के विभिन्न पहलुओं को अंजाम देने के लिए अलग से काम सौंपा गया था। अंडरवर्ल्ड डॉन अनीस इब्राहिम के खास करीबी समीर को पाकिस्तान में छिपे अंडरवर्ल्ड के गुर्गों से जुड़े एक पाक-आधारित व्यक्ति द्वारा भारत में विभिन्न संस्थाओं को आईईडी, हथियारों और हथगोले पहुंचाने का काम सौंपा गया था। पाक-आईएसआई के निर्देशों के तहत काम कर रहे ओसामा और जीशान को आईईडी लगाने के लिए दिल्ली और यूपी में विभिन्न उपयुक्त स्थानों की टोह (रैकी) लेने का काम सौंपा गया था।