उत्तर-पूर्वी दिल्ली के नंद नगरी इलाके में रोटी की दुकान चलाने वाले एक शख्स ने अपने पूर्व कर्मचारी के पिता की घर में घुसकर चाकू घोंपकर हत्या कर दी। पिता को बचाने आई बेटी को भी आरोपी ने चाकू मार दिया। मृतक की शिनाख्त इसरार (51) के रूप में हुई है।
जख्मी हालत में इसरार की बेटी शबाना (19) को जीटीबी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हत्या के बाद आरोपी सलाम (45) मौके से फरार हो गया। दरअसल इसरार का बेटा इजहार पहले सलाम की रोटी की दुकान पर काम करता था। कुछ दिनों पूर्व उसने पास में ही अपनी अलग दुकान खोल ली थी। इस बात से सलाम काफी खफा था। शनिवार को इसरार बेटे का हिसाब किताब करने के लिए सलाम के पास गया था। वहां दोनों के बीच कहासुनी हुई थी।
पुलिस के मुताबिक मूलरूप से मोहनगंज, अमेठी, यूपी का रहने वाला इसरार परिवार के साथ पिछले करीब 20 सालों से नंद नगरी में के बी-ब्लॉक में रहता था। इसके परिवार में पत्नी, दो बेटे व एक बेटी है। इसरार दिलशाद कालोनी में दर्जी का काम करता था। इसका बड़ा बेटा इजहार पहले सलाम नामक शख्स की दुकान पर रोटी लगाने का काम करता था।
काफी समय काम करने के बाद इजहार ने अपनी खुद की रोटी की दुकान खोल ली थी। यह बाद सलाम को बिल्कुल भी नहीं समझ आई थी। उसने इसके लिए इजहार को धमकाया भी था। इजहार की सैलरी के कुछ रुपये सलाम पर बाकी थे। बार-बार मांगने पर वह इजहार का हिसाब नहीं कर रहा था। शनिवार शाम को इसरार सलाम के पास पहुंचा और बेटे का हिसाब कर रुपये मांगने लगा। सलाम ने रुपये देने से मना किया, जिसके बाद दोनों के बीच तू-तू-मैं-मैं हो गई। इसरार वापस घर लौट आया।
आरोप है कि रात करीब 9.30 बजे इसरार घर में मौजूद था। उसकी पत्नी और छोटा बेटा गांव गए हुए थे। बेटी पड़ोसी के घर पर थी। इस बीच सलाम चाकू लेकर इसरार के घर में घुस गया। उसने इसरार पर ताबड़तोड़ चाकू से हमला कर दिया। शोर-शराबा हुआ तो शबाना भी भागकर अपने घर आ गई। उसने पिता को बचाने का प्रयास किया तो आरोपी ने शबाना के हाथ में भी चाकू मार दिया।
इसरार के अचेत होने पर आरोपी मौके से फरार हो गया। इसरार और शबाना को अस्पताल ले जाया गया, जहां इसरार को मृत घोषित कर दिया गया। शबाना को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। पुलिस हत्या का मामला दर्ज कर आरोपी की तलाश कर रही है।