नई दिल्ली। दिल्ली में लगातार बिगड़ती वायु गुणवत्ता को देखते हुए इस दिवाली पर भी पटाखों की उपयोग व बिक्री पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा। वहीं, जिन लोगों को पटाखों की बिक्री व उपयोग करते पाया जाता है तो उन पर कार्रवाई की जाएगी।
राष्ट्रीय हरित अधिकरण(एनजीटी) ने गत वर्ष दो दिसंबर को निर्देश दिया था कि एनसीआर और देश के ऐसे शहर और कस्बों में जहां वायु गुणवत्ता का स्तर खराब या इससे ऊपर है, वहां कोरोना महामारी के दौरान सभी प्रकार के पटाखों की बिक्री और उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध होगा। दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि दिल्ली में ग्रीन-प्रमाणित पटाखों को अनुमति देने को लेकर भी कोई चर्चा या योजना नहीं है। दिल्ली में पहले से ही वायु गुणवत्ता खराब से बहुत खराब श्रेणी में दर्ज हो रही है।
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने गत 15 सितंबर को पटाखों पर प्रतिबंध लगाने की घोषणा करते हुए कहा था कि यह जान बचाने के लिए आवश्यक है। वहीं, 28 सितंबर को दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति ने एक जनवरी 2022 तक राष्ट्रीय राजधानी में पटाखों की बिक्री और फोड़ने पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का आदेश दिया था।