नई दिल्ली। पश्चिम दिल्ली के हरि नगर इलाके में मंगलवार देर रात चार मंजिला मकान में आग लग गई। हादसे के समय मकान में सात परिवारों के 22 लोग मौजूद थे जोकि बिल्डिंग में फंस गए। गनीमत यह रही कि चंद ही कदमों की दूरी पर मौजूद फायर स्टेशन से गाड़ियां समय पर पहुंच गईं। आग पर काबू पाकर सभी को सुरक्षित निकाल लिया गया। धुएं की वजह से बिल्डिंग में मौजूद लोगों का दम घुटने लगा था। दमकल कर्मियों ने सूझबूझ दिखाते हुए कुछ को छत पर ले जाकर सुरक्षित किया। इसके बाद बाकी को आग पर काबू पाकर बिल्डिंग से बाहर निकाला गया। हादसे में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। बिल्डिंग के इलेक्ट्रिक पैनल में आग लगी थी।
दमकल विभाग के निदेशक अतुल गर्ग ने बताया कि मंगलवार देर रात 3 बजे पुलिस व दमकल विभाग को सूचना मिली कि हरि नगर स्थित क्लॉक टावर के पास मकान नंबर सी-84ए में आग लग गई है। चार मंजिला इमारत में धुआं भर गया है और कुछ लोग उसमें फंस गए हैं। घटना स्थल से महज 500 मीटर दूर दमकल केंद्र मौजूद था, तुरंत वहां से दो गाड़ियों को निकाल दिया गया। तीन से चार मिनट में गाड़ियां मौके पर पहुंच गईं। जांच में पता चला कि करीब 100 गज की इमारत में सीढ़ियों के पास लगे बिजली के बोर्ड में आग लगी थी। यहां सात मीटर लगे थे। उसकी वजह से बिल्डिंग से निकलने का रास्ता भी बंद हो गया था। धुआं तेजी से ऊपर जा रहा था। इमारत में मौजूद लोगों का दम भी घुटने लगा था तुरंत आग पर काबू पाकर दमकल कर्मी ऊपर भागे। लीडिंग फायरमैन सनोहर लाल मीणा ने बताया कि सबसे पहले पहली और दूसरी मंजिल पर मौजूद लोगों को नीचे उतारा गया।
बाकी लोगों को छत पर ले जाया गया। हादसे के समय बिल्डिंग में छह बच्चे, सात महिलाएं, बुजुर्ग और अन्य लोग मौजूद थे। डेढ़ घंटे से ज्यादा समय तक चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद सभी ने राहत की सांस ली। दमकल विभाग के निदेशक अतुल गर्ग ने बताया कि आग बड़ी नहीं थी, लेकिन धुआं बढ़ने से हादसा बड़ा हो सकता था। बिल्डिंग में सात फ्लैट हैं और सभी में लोग रह रहे थे। पुलिस आग के सही कारणों का पता लगाने का प्रयास कर रही है।