मोबाइल सर्विलांस से किया आमिर को गिरफ्तार
पुलिस टीम ने लैब से सारी जानकारी ली। पुलिस को पता चला कि क्यूआर कोड व वेबसाइट की फर्जी रिपोर्ट तैयार की गई थी। आखिर में पुलिस की जांच टेक्निकल सर्विलांस पर आकर रुकी। जांच के बाद पुलिस ने मोबाइल सर्विलांस से आमिर अंसारी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने शुरू में पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की। सख्ती से पूछताछ करने पर पुलिस ने सच उगल दिया।
आरोपी आमिर अंसारी ने पुलिस को बताया कि वह अपने सहयोगी मोहम्मद अनस के साथ मिलकर फर्जी आरटीपीसीआर टेस्ट की रिपोर्ट तैयार करता था। वह आरटीपीसीआर की रिपोर्ट तैयार करने के एक हजार रुपये लेता था। ग्राहक जैसी रिपोर्ट चाहता था, आरोपी वैसी रिपोर्ट दे देते थे। इसके बाद पुलिस ने मोहम्मद अनस को गिरफ्तार कर लिया।