प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने दिल्ली शराब घोटाले में अपने दूसरे आरोपपत्र में मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल का नाम भी लिया है। ईडी के मुताबिक, सिसोदिया के पूर्व सचिव ने भी ईडी के समक्ष अपना बयान दर्ज कराया कि आबकारी नीति पर जीओएम रिपोर्ट उसे मार्च, 2021 में सिसोदिया की ओर से मुख्यमंत्री केजरीवाल के आवास पर दी गई।
आबकारी नीति 2021-22 पिछले साल अगस्त में रद्द की गई और दिल्ली के उपराज्यपाल ने बाद में केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) से कथित अनियमितताओं की जांच करने के लिए कहा। ईडी के मनी लॉन्ड्रिंग का मामला सीबीआई की प्राथमिकी से निकला है।
26 को सिसोदिया से पूछताछ
गौरतलब है कि मामले में सीबीआई भी जांच कर रही है। इसको लेकर सीबीआई ने सिसोदिया को दोबारा समन भेजा है। सिसोदिया से ईडी 26 फरवरी को पूछताछ करेगी। जांच एजेंसी ने मनीष सिसोदिया को इससे पहले 19 फरवरी को पूछताछ के लिए बुलाया था, लेकिन उन्होंने पेश होने के लिए एक हफ्ते का समय मांगा था। सीबीआई ने सिसोदिया को 1 हफ्ते का समय दिया है।
अब तक ईडी ने दाखिल किए दो आरोपपत्र, नौ गिरफ्तार
ईडी ने इस मामले में अभी तक दो आरोपपत्र दाखिल किए हैं और कुल नौ लोगों को गिरफ्तार किया है। ईडी की ओर से अदालत में दाखिल आरोपपत्र में आरोप लगाया गया है कि दिल्ली आबकारी नीति के तहत कथित तौर पर ली गई 100 करोड़ रुपये की रिश्वत का इस्तेमाल केजरीवाल की अगुवाई वाली पार्टी के 2022 के गोवा विधानसभा चुनाव प्रचार अभियान में किया गया। ब्यूरो/एजेंसी