इंदिरा गांधी एयरपोर्ट पर तैनात सीआईएसएफ के जवानों ने वन्य जीव अधिनियम के तहत निर्यात के लिए प्रतिबंधित अगरवुड की लकड़ी बरामद की है। दो यात्री लकड़ी की तस्करी कर उसे बहरीन होते हुए दम्माम ले जा रहे थे। जिन्हें कस्टम विभाग के हवाले कर दिया गया है। बरामद 85.5 किलोग्राम लकड़ी की कीमत 51.30 लाख रुपये आंकी गई है। लकड़ी का इस्तेमाल इत्र बनाने के लिए किया जाता है। कस्टम विभाग दोनों तस्करों से पूछताछ कर आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।
सीआईएसएफ के प्रवक्ता हेमेंद्र सिंह ने बताया कि एयरपोर्ट पर तैनात सीआईएसएफ की सर्विलांस व इंटेलिजेंस टीम ने मंगलवार देर रात करीब डेढ़ बजे विदेश जा रहे दो यात्रियों को रोका। उनके पास पांच बैग थे। यात्रियों के बैग की जांच के लिए उसे एक्सरे मशीन पर रखा। तीन बैग में कुछ संदिग्ध वस्तु दिखी। उसके बाद सीआईएसएफ ने उन बैगों को खोलकर तलाशी ली। जिसमें लकड़ी भरा हुआ था। जिसका वजन करीब 85.5 किलोग्राम था।
यात्रियों की पहचान मोहम्मद असलमउद्दीन और मोहम्मद वहीदुर रहमान के रूप में हुई। दोनों गल्फ एयर फ्लाइट से बहरीन होते हुए दम्माम जा रहे थे। पूछताछ में यात्रियों ने कोई संतोषजनक उत्तर नहीं दिया। सीआईएसएफ अधिकारियों ने इसकी जानकारी कस्टम विभाग को दी। कस्टम विभाग के अधिकारी ने मौके पर पहुंचकर छानबीन की। छानबीन के बाद अधिकारियों ने बताया कि बरामद लकड़ी अगरवुड की है। जिसका इस्तेमाल इत्र बनाने में किया जाता है। इसमेें मिट्टी की सुगंध आती है। इस लकड़ी के निर्यात पर प्रतिबंध है।