100 करोड़ से ज्यादा का बीमा कराएगी एडिफिस
अवैध करार दिए जा चुके ट्विन टावर को ध्वस्त करने के लिए मुंबई की एडिफिस कंपनी से बिल्डर कंपनी से करार किया है। विस्फोटक लगाकर इमारत को गिराया जाएगा। इस दौरान जोखिम की आशंका भी एक पहलू है। विशेष रूप से सुपरटेक का टावर संख्या-1 और एटीएस विलेज ट्विन टावर के सबसे पास है। विस्फोट के दौरान इन दोनों टावर को नुकसान हो सकता है। इसको देखते हुए एडिफिस एजेंसी 100 करोड़ रुपये से ज्यादा का बीमा करवाएगी। इस जोखिम में अगर किसी इमारत में नुकसान होता है या कोई दुर्घटना होती है तो वो कवर होगी। वहीं पिछले दिनों हुए प्रजेंटेशन में एडिफिस कंपनी ने बताया कि किस तरह कंट्रोल ब्लास्ट से दोनों टावर को तोड़ते हुए झरने की तरह खाली जगह में गिराया जाएगा। विशेषज्ञों की देखरेख में 90 दिन में विस्फोटक लगाया जाएगा।
दस सेकेंड में मलबे में बदलेगा 32 मंजिला ट्विन टावर
ट्विन टावर को ध्वस्त करने की दिशा में कागजी कार्रवाई शुरू हो गई है। मुंबई की एडिफिस कंपनी से सुपरटेक ने करार किया है। विस्फोटक लगाकर इस इमारत को गिराया जाएगा। आगामी दो-तीन दिनों में ही एडिफिस कंपनी साइट पर मशीन, उपकरण व अन्य सामान पहुंचाना शुरू कर देगी। 22 मई को सिर्फ एक धमाका होगा और मात्र दस सेकेंड में ट्विन टावर मलबे में तब्दील हो जाएगा। बुधवार को सीईओ रितु माहेश्वरी की अध्यक्षता वाली बैठक में ट्विन टावर ध्वस्तीकरण से लेकर मलबा हटाने तक की पूरी कार्ययोजना पर चर्चा हुई। 22 अगस्त तक बिल्डर या ध्वस्तीकरण कंपनी को मलबा मौके से पूरी तरह से हटाना होगा।