फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

'नया घर' भी केजरीवाल के हाथ से निकला!

विज्ञापन
विज्ञापन
दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री व ‘आप’ नेता अरविंद केजरीवाल का नया आशियाना 4-बी सिविल लाइन विवादों में आ गया है। इस संपत्ति का विवाद जैन बंधुओं के बीच हाईकोर्ट में विचाराधीन है।
विज्ञापन


कोर्ट ने इस पर यथास्थिति बनाए रखने का आदेश जारी किया हुआ है। केजरीवाल को किराये पर संपत्ति देने के खिलाफ अब एक भाई अदालत के आदेश के उल्लंघन का आरोप लगाकर याचिका दायर करने की तैयारी में है।

कांग्रेस के दिवंगत नेता भीखू राम जैन के पुत्र नरेंद्र जैन ने केजरीवाल को अपना बंगला किराये पर देने का प्रस्ताव दिया था। बंगले की मरम्मत का काम भी शुरू कर दिया गया।
विज्ञापन

11 लोगों का है दावा

नरेंद्र जैन के भाई विरेंद्र ने इस पर आपत्ति करते हुए हाईकोर्ट में विचाराधीन मामले का हवाला दिया है। विरेंद्र ने वर्ष 2009 में याचिका दायर कर 4-बी बंगले समेत पांच रिहायशी, छह व्यावसायिक व तीन औद्योगिक संपत्तियों को विवादित बताते हुए उनकी खरीद-फरोख्त पर रोक लगाने की मांग की थी।

उन्होंने याचिका में अपने चारों भाइयों, उनकी पत्नियों, बहनों समेत कुल 11 को पक्ष बनाया है। वर्ष 2010 में सभी पक्षों में समझौता भी हो गया, जो बाद में टूट गया और मामला फिर से हाईकोर्ट पहुंच गया।

न्यायमूर्ति एस. रविंद्र भट्ट व न्यायमूर्ति नजमी वजीरी की खंडपीठ ने 12 जुलाई 2013 को सभी संपत्तियों पर यथास्थिति बनाए रखने का आदेश दिया, जिसे न्यायमूर्ति मुक्ता गुप्ता ने 14 अगस्त 2013 के फैसले में बरकरार रखा।

तो केजरीवाल भी घिरेंगे

उन सब के बाद मामला न्यायमूर्ति वीके शाली के पास पहुंचा तो उन्होंने पारिवारिक विवाद को रजामंदी से सुलझाने के लिए मिडिएशन सेंटर भेज दिया। दोनों पक्षों के बीच 20 मई व 29 मई को हुई सुनवाई में कोई हल नहीं निकला।

अब अगली सुनवाई 11 जुलाई को होगी। वहीं, अदालत में सुनवाई 21 अगस्त को तय है। विरेंद्र ने याचिका में भाइयों पर फर्जी बिल बनवाने का भी आरोप लगाया था।

यह मामला तीस हजारी कोर्ट में चल रहा है। विरेंद्र कुमार जैन के वकील गिरीश अग्रवाल ने कहा कि इस संपत्ति को किराये पर नहीं दिया जा सकता है। वो जल्द ही अदालत के आदेश के उल्लंघन मामले में अवमानना याचिका दायर करेंगे। इसमें केजरीवाल के भी घिरने की उम्मीद जताई जा रही है।
विज्ञापन

केजरीवाल ने दी सफाई

अरविंद केजरीवाल ने तय किया था कि वो नए बंगले में जून के अंत तक चले जाएंगे लेकिन अब शायद ऐसा न हो पाए। ‘आप’ के प्रवक्ता दिलीप पांडेय ने कहा कि उन्हें संपत्ति के पारिवारिक विवाद की कोई जानकारी नहीं है।

केजरीवाल को बंगला किराये पर देने वाले नरेंद्र जैन ने माना कि संपत्ति विवाद हाईकोर्ट में विचाराधीन है लेकिन अदालत ने इसे किराये पर देने पर रोक नहीं लगाई है।

उन्होंने कहा कि वो संपत्ति बेच नहीं सकते लेकिन किराये पर देने के लिए उन्हें किसी की इजाजत लेने की जरूरत नहीं। उन्होंने आरोप लगाया कि विरेंद्र को कुछ अन्य पार्टियों के लोग भड़का रहे हैं।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें