दक्षिण पूर्वी जिला पुलिस उपायुक्त राजेश देव ने बताया 14 फरवरी को सनलाइट कॉलोनी थाने में तैनात एएसआई भरत, एएसआई हरेंद्र, एएसआई अनिल व सिपाही दीपक सराय काले खां के पास गश्त कर रहे थे। फ्लाईओवर के पास उन्होंने एक व्यक्ति को चोर-चोर चिल्लाते सुना। पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची। दो लोग भाग रहे थे। पुलिस टीम ने पीछा कर उन्हें पकड़ लिया। इस बीच पीछा करने वाला व्यक्ति भी पहुंच गया।
जिसने बताया कि वह दिल्ली के चावड़ी बाजार में हार्डवेयर दुकानदार सौरभ गुप्ता की दुकान पर काम करता है। सौरभ गुप्ता ने उन्हें दिल्ली के पंजाबी बाग स्थित उनके आवास पर पहुंचाने के लिए 11 लाख रुपये की नकदी से भरा बैग दिया। जब वह पंजाबी बाग जा रहा था, तभी पीछे से दो व्यक्ति आए और खुद को सीबीआई अधिकारी बताकर उसका बैग चेक किया। तय सीमा से अधिक नकदी ले जाने के बहाने जेल भेजने की धमकी दी। इसके बाद वह उसे एक ऑटो से आईटीओ स्थित अपने नकली कार्यालय ले जा रहे थे। लेकिन सराय काले खां फ्लाईओवर पर दोनों बैग लूटकर भागने लगे।
पूछताछ में दोनों की पहचान शाहीन बाग निवासी मोहम्मद इंतजार (46) वर्ष और उसके बेटे मोहम्मद युसूफ (19) के रूप में हुई। पुलिस ने उनके कब्जे से बैग और एक मोबाइल फोन बरामद कर लिया। पूछताछ पर आरोपियों ने बताया कि वह शानदार जीवन शैली जीना चाहते थे। वह चांदनी चौक में वेंडर हैं। उनके पास आय का कोई स्थायी स्रोत नहीं था। इसलिए कम समय में पैसा कमाने के लिए अपराध करने लगा। जांच के बाद पुलिस ने बताया कि आरोपियों पर पहले से कोई मामला दर्ज नहीं है।