नोएडा। अगवा कर इंदिरापुरम थाने में पांच-पांच लाख रुपये के चेक पर हस्ताक्षर कराने के मामले में पुलिस अब तक खाली हाथ है। मामले में दो नामजद आरोपी राजेंद्र यादव और अमित फरार हैं। वहीं, इसमें शामिल चार पुलिसकर्मियों के बारे में कुछ पता नहीं चल सका है। पुलिस की टीम आरोपियों के घर में दबिश दी, लेकिन कुछ सुराग हाथ नहीं लग सका है। गढ़ी चौखंडी निवासी लीलू ने पुलिस से शिकायत की थी कि शनिवार सुबह गांव निवासी राजेंद्र यादव, उसके बेटे अमित यादव और चार अज्ञात पुलिसकर्मी गाड़ी से उनके घर आए थे।
आरोपियों ने उन्हें अगवा कर लिया और गाड़ी से गाजियाबाद स्थित इंदिरापुरम थाने ले गए। वहां पांच-पांच लाख रुपये के दो चेक पर जबरन हस्ताक्षर करवा करवा लिए थे। मामले में कोतवाली फेज थ्री पुलिस ने राजेंद्र यादव, अमित यादव समेत चार अज्ञात पुलिसकर्मियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी। डीसीपी सेंट्रल नोएडा हरीश चंदर का कहना है कि जांच में यह बात प्रमाणित है कि राजेंद्र व अमित के साथ इंदिरापुरम थाने के चार पुलिसकर्मी इसमें शामिल थे। राजेंद्र व अमित की गिरफ्तारी के बाद चारों पुलिसकर्मियों के बारे में पता चलेगा। पुलिस इस मामले में जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार करेगी।
छेड़छाड़ के विरोध पर पीड़िता को थप्पड़ मारा
ईकोटेक-3 थाना क्षेत्र में महिला से रास्ते में छेड़छाड़ और विरोध पर थप्पड़ मारने का मामला सामने आया है। आरोप है कि आरोपी पीड़िता पर पति को तलाक देकर विवाह करने का दबाव बना रहा है। शिकायत के आधार पर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। महिला ने पुलिस को बताया कि अटाई मुरादपुर निवासी हिमांशु उसके गांव में अपनी बुआ के घर आया है। रविवार को हिमांशु ने पीड़िता को रास्ते में रोककर छेड़छाड़ की। जब उसने विरोध किया तो आरोपी ने थप्पड़ मार दिया। पीड़िता का कहना है कि आरोपी कई दिन से परेशान कर रहा है।