अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। स्विस महिला हत्याकांड में पुलिस ने खुलासा किया है कि आरोपी गुरप्रीत (30) को लीना बर्गर से एकतरफा प्रेम था। गुरप्रीत उससे मिलने के लिए स्विट्जरलैंड भी जा चुका है। इसी दौरान लीना ने उसे बताया था कि वह स्विट्जरलैंड निवासी प्रेमी से शादी करने वाली है। यही बात गुरप्रीत को नागवार गुजरी और और उसने लीना को भारत बुलाकर हत्या कर दी। बाद में युवती का चेन से बंधा शव मिला था।
पुलिस ने बताया कि दोनों की दोस्ती दो साल पहले एक डेटिंग एप के जरिये हुई थी और दोनों फोन के जरिये लगातार संपर्क में रहते थे। आरोपी ने पूछताछ में बताया कि लीना 11 अक्तूबर को स्विट्जरलैंड से दिल्ली आई थी। वह पश्चिमी दिल्ली के एक होटल में ठहरी। 16 अक्तूबर को घरवालों से मिलवाने की बात कहकर गुरप्रीत ने उसे घर बुलाया और रात में अपने ही कमरे में गला घोंटकर हत्या कर दी। बाद में शव को अपनी महिला दोस्त के नाम से खरीदी गई कार की मदद से ठिकाने लगा दिया। लीना का शव शुक्रवार सुबह तिलक नगर स्थित निगम स्कूल की दीवार के पास सड़ी-गली अवस्था में मिला था। छानबीन के दौरान पुलिस को घटनास्थल के पास एक सीसीटीवी फुटेज मिली। इसमें नजर आई एक संदिग्ध सेंट्रो को चिन्हित कर रजिस्ट्रेशन नंबर के जरिये पुलिस उसकी मालिक के पास पहुंची। पुलिस टीम कार के गुजरने के रास्तों में लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच करते हुए जनकपुरी पहुंची। जहां एक जगह पर पुलिस को कार पार्क मिली। लोगों से पता चला कि कार गुरप्रीत इस्तेमाल करता है। इसी आधार पर पुलिस ने देर रात डेढ़ बजे आरोपी को घर से गिरफ्तार कर लिया।
परिजनों से संपर्क की कोशिश
पुलिस ने स्विट्जरलैंड दूतावास को महिला के बारे में जानकारी देकर उसके परिजनों से संपर्क करने की कोशिश कर रही है। वहीं, आरोपी के घर से बरामद पौने दो करोड़ के बाबत दिल्ली पुलिस ने इनकम टैक्स विभाग को सूचना दे दी है। जिला पुलिस उपायुक्त विचित्र वीर ने बताया कि आरोपी के खुलासे की पड़ताल की जा रही है। इस बात का भी पता लगाया जा रहा है कि वारदात में इसके साथ कोई और तो शामिल नहीं था।
सबूत मिटाने का मामला दर्ज
पुलिस ने हत्या और सबूत मिटाने का मामला दर्ज करके जांच शुरू कर दी है। गुरप्रीत ने पूछताछ के दौरान बताया है कि कार उसने दोस्त के नाम पर खरीदी थी। पुलिस का यह भी कहना है कि आरोपी लगातार अपना बयान बदल रहा है। कभी वह हाथ, कभी चुन्नी तो कभी तार से गला घोंटने की बात कह रहा है। हत्या के बाद उसने शव को एक काले रंग की पॉलीथिन में डालकर सेंट्रो कार में रख दिया था और शव ठिकाने लगाने की भी साजिश रच रहा था। आखिरकार 20 अक्तूबर की सुबह वह एमसीडी स्कूल के पास पहुंचा और शव को वहीं छोड़कर फरार हो गया।