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राष्ट्र निर्माण में अहम भूमिका निभाते हैं सैनिक : थल सेनाध्यक्ष

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श्रद्धांजलि देते करते थल सेनाध्यक्ष।
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नोएडा। तीनों सेनाएं देश को सुरक्षित रखने के साथ ही देशवासियों को प्रेरित करती हैं। सैनिक देश के प्रेरणास्रोत होते हैं। राष्ट्र निर्माण में उनकी अहम भूमिका होती है। यह कहना है थल सेनाध्यक्ष जनरल मनोज मुकुंद नरवणे का। बृहस्पतिवार को सेक्टर-29 अरुण विहार स्थित शहीद स्मारक के 21वें वार्षिक पुष्पांजलि समारोह में बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए थे।
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इस अवसर पर उन्होंने कहा कि शहीद स्मारक भारत की तीनों सेनाओं (थल, जल ,वायु) के समर्पण का प्रतिबिंब है। देश के लिए जान देने वालों का योगदान हमेशा याद रखा जाएगा। शहीदों के योगदान एवं पूर्व अधिकारियों के समर्पण का हमेशा सम्मान किया जाएगा। पुष्पांजलि समारोह में गौतमबुद्ध नगर के शहीदों को याद कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इस अवसर पर 38 शहीदों के परिजन, अवकाशप्राप्त सैन्य अधिकारी, प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद थे। कार्यक्रम के दौरान जिले के शहीदों की उपलब्धियों, साहस एवं समर्पण पर चर्चा हुई। इससे पहले मुख्य अतिथि का स्वागत लेफ्टिनेंट जनरल जीएल बख्शी ने किया।
थलसेना अध्यक्ष ने शहीद स्मारक की विजिटर बुक पर हस्ताक्षर किए साथ ही वार्षिक स्मारिका का विमोचन किया। उन्होंने शहीदों के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें साथ रहने का भरोसा दिलाया। कार्यक्रम में दो छात्राओं भव्या एवं नेहा को भी पुष्पांजलि अर्पित करने का मौका मिला। कार्यक्रम की संचालिका सुनीति खरबंदा ने बताया कि हर वर्ष शहीद स्मारक में आयोजित होने वाले कार्यक्रम में पूर्व सैनिक एवं शहीदों के परिजन शामिल होते हैं।
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38 शहीदों को किया नमन
पुष्पांजलि समारोह में कैप्टन अर्जुन सरदाना, कैप्टन विजयंत थापर, लेफ्टिनेंट कर्नल पारस मेहरा सहित जिले के 38 शहीदों को नमन किया गया। कार्यक्रम में शामिल शहीदों के परिजनों का चेहरा गर्व से चमकता नजर आया। वहीं उनकी याद में आंखों की नमी भी दिखी। कार्यक्रम में शामिल कर्नल केके सिंह(अवकाश प्राप्त) ने बताया कि उनके इकलौते बेटे मेजर उदय सिंह वर्ष 2003 में शहीद हुए थे। हर साल बेटे की याद में वह यहां आते हैं। उन्होंने कहा कि बेटे को खोने का गम कभी कम नहीं हो सकता है। लेकिन बेटा देश के काम आया इसका उन्हें गर्व है। उनकी तीन पीढ़ियों ने देशसेवा की है। जिसे वह सौभाग्य मानते हैं।
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