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Noida News: मुख्य गोल मार्केट इमारत बनेगी संग्रहालय, काम शुरू

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उपराज्यपाल ने पुनर्विकास के लिए की रखी नींव, देश में उपलब्धियां हासिल करने वाली महिलाओं को समर्पित होगा
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अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने शनिवार को संग्रहालय के रूप में मुख्य गोल मार्केट की इमारत के संरक्षण और जीर्णोद्धार एवं सर्विस ब्लॉक के साथ सबवे के निर्माण सहित आसपास के क्षेत्र के पुनर्विकास की परियोजना का शुभारंभ किया। इस दौरान इमारत की संरचना की मौलिकता के साथ छेड़छाड़ नहीं की जाएगी। यह देश में अपनी तरह का पहला संग्रहालय होगा जो विभिन्न क्षेत्रों में देश की उपलब्धियां हासिल करने वाली महिलाओं को समर्पित होगा।
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इस मौके पर उपराज्यपाल ने कहा कि यह संग्रहालय कला, साहित्य, संस्कृति, सामाजिक क्षेत्र, चिकित्सा, विज्ञान व प्रौद्योगिकी में भारत की महिलाओं के योगदान और विशेष रूप से स्वतंत्रता के संघर्ष में उनकी भूमिका को आधुनिक तकनीकों से प्रदर्शित करेगा। यह स्थल आने वाले दिनों में आगंतुकों के लिए केंद्रीय स्थान के रूप में विकसित होगा। संग्रहालय में आगंतुकों की सुविधा के लिए सबवे और समर्पित पार्किंग भी इस गोल मार्केट परियोजना का हिस्सा होगी। उपराज्यपाल ने इस परियोजना का शुभारंभ करने के बाद उद्यान मार्ग पर जेपीएन लाइब्रेरी के निर्माण स्थल का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने बताया कि इसे एक अतिआधुनिक व विश्व स्तरीय लाइब्रेरी में रूपांतरित किया जाएगा। लाइब्रेरी में 200 लोगों के बैठने की क्षमता के साथ 30000 से अधिक किताबें होंगी। इसकी पहली मंजिल में लाइब्रेरी रूम, बच्चों की गतिविधियों का क्षेत्र, पढ़ने का क्षेत्र, खेलकूद का क्षेत्र भी होगा। दूसरी मंजिल पर मल्टीमीडिया ऑडियो/विज़ुअल कमरे, शोधकर्ता कक्ष, ई-लाइब्रेरी और समाचार पत्र/पत्रिका खंड होंगे। इसके निर्माण पर 6.81 करोड़ रुपये की लागत आएगी। इस अवसर पर केंद्रीय संस्कृति और विदेश राज्य मंत्री मीनाक्षी लेखी, मुख्य सचिव नरेश कुमार, एनडीएमसी के अध्यक्ष अमित यादव, उपाध्यक्ष सतीश उपाध्याय, सदस्य विशाखा शैलानी व गिरीश सचदेवा भी मौजूद रहे।
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संग्रहालय परिसर की मुख्य विशेषताएं
- पुनर्स्थापना, उन्नयन, आंतरिक कार्य, पाइपलाइन कार्य, विद्युत कार्य, अग्निशमन कार्य आदि होंगे।
- केंद्रीय प्रांगण परिसर में कांच के गुंबद वाली छत बनाई जाएगी।
- फॉल्स सीलिंग सहित इंसुलेटेड छत बनेगी।
- केंद्रीकृत एयरकंडीशन होगा। आवश्यकता के अनुसार सजावटी फिटिंग होगी।
- आरके आश्रम की ओर से भवन तक पहुंचने के लिए सबवे और लिफ्ट होगी।
- अग्निशमन प्रयोजन के लिए दो लाख लीटर क्षमता का जल भंडारण टैंक बनाया जाएगा।
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