ग्रेटर नोएडा/गोंडा। बादलपुर कोतवाली क्षेत्र के गांव सादोपुर की छात्रा स्वाति के अपहरण का शुक्रवार को नाटकीय पटाक्षेप हो गया। पुलिस को अपहरण की सूचना देने से एक दिन पहले ही स्वाति प्रेमी अनिमेष तिवारी के पास बस से गोंडा चली गई थी। पुलिस ने छात्रा को गोंडा से सकुशल बरामद कर लिया है। अब वहां अदालत में बयान दर्ज कराए जाएंगे। परिजनों ने बुधवार को छात्रा के लापता होने और बदनामी के डर से बृहस्पतिवार को अपहरण की झूठी कहानी गढ़ी थी। अब इस मामले में झूठी सूचना देने और जाम लगाकर कानून व्यवस्था प्रभावित करने वालों के अलावा सोशल मीडिया पर भ्रामक व भड़काऊ पोस्ट करने वाले परिजनों व अन्य लोगों पर पुलिस कार्रवाई करेगी। वहीं, शासन की ओर से 24 घंटे में घटना का खुलासा करने वाली ग्रेनो व गोंडा पुलिस की टीम को एक-एक लाख का इनाम देने की घोषणा की गई है।
डीसीपी सेंट्रल जोन हरीश चंदर, डीसीपी महिला सुरक्षा वृंदा शुक्ला और एडीसीपी अंकुर अग्रवाल ने बताया कि सादोपुर निवासी पूर्व जिला पंचायत सदस्य अजयपाल की पोती स्वाति बीएससी अंतिम वर्ष की छात्रा है। बुधवार दोपहर वह घर से लापता हो गई थी। परिजनों को इसकी जानकारी हुई तो उन्हें समाज में बदनामी का डर सताने लगा। ऐसे में परिजनों ने बृहस्पतिवार सुबह पुलिस को झूठी सूचना दी कि स्वाति छोटी बहन खुशी और भाई भानु व किट्टू के साथ सैर पर निकली थी। चारों भाई-बहन सादुल्लापुर रेलवे फाटक तक दौड़ लगाकर वापस लौट रहे थे। सुबह लगभग पांच बजे वैन में सवार बदमाशों ने स्वाति को अगवा कर लिया। अपहरण की सूचना आसपास के क्षेत्र में फैल गई और बड़ी संख्या में ग्रामीण एकत्रित हो गए। ग्रामीणों ने तीन घंटे तक जीटी रोड पर जाम लगा दिया। इसके बाद शाम को एक घंटे तक बादलपुर कोतवाली का भी घेराव किया गया। सोशल मीडिया पर भी यह मामला छाया रहा और कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाए जाने लगे।
सर्विलांस, कॉल डिटेल और सीसीटीवी से हुआ खुलासा
स्वाति का मोबाइल बुधवार दोपहर ही स्विच ऑफ हो गया था। इसके बाद मोबाइल ऑन हुआ जो घर पर ही मिला। इससे पुलिस को शक हो गया। इसका जिक्र अमर उजाला ने शुक्रवार को प्रकाशित खबर में भी किया है। पुलिस ने सीसीटीवी खंगाले तो केवल खुशी और उसके भाई भानु और किट्टू ही दिखाई दिए। इनकी गतिविधि भी सामान्य दिखाई दी। कॉल डिटेल खंगाली गई तो स्वाति की एक नंबर पर कई बार और लंबे समय तक बात होने की जानकारी हुई। स्वाति ने कुछ दिन पहले नंबर बदला था, लेकिन जिस नंबर पर उसकी पहले बात होती थी, उससे बात जारी थी। इस नंबर की पड़ताल की गई तो वह गोंडा के अनिमेष तिवारी का निकला। गोंडा पुलिस को छात्रा की तलाश करने के निर्देश दिए गए। सर्विलांस की मदद से बृहस्पतिवार रात गोंडा और ग्रेनो पुलिस ने छापा मारा और राधा कुंड निवासी अनिमेष के साथ स्वाति को बरामद कर लिया।
कानून व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश
अपहरण की जानकारी होने पर पूरे इलाके में लोगों में आक्रोश व्याप्त हो गया था। वहीं, विपक्षी नेता और विरोधी भी सक्रिय हो गए थे। मामला सोशल मीडिया पर भी तेजी से तूल पकड़ने लगा। इसके बाद लोगों न केवल जाम लगाकर कानून व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश की, बल्कि कुछ लोगों ने सोशल मीडिया पर भी भ्रामक और भड़काऊ बातें पोस्ट कीं।
दिल्ली पुलिस के एएसआई समेत अन्य पर होगी कार्रवाई
पुलिस का कहना है कि स्वाति और अनिमेष बालिग हैं और वह स्वेच्छा से जहां चाहे रह सकते हैं। उन पर कोई आरोप नहीं बनता। स्वाति ने अनिमेष के पास शादी करने के उद्देश्य से जाने की बात कही है। अनिमेष ने स्वाति को एक नंबर व मोबाइल दे रखा था। मोबाइल की लोकेशन बुधवार दोपहर 12:19 पर अच्छेजा फिर नवयुग मार्केट गाजियाबाद, साहिबाबाद, नोएडा सेक्टर-11, नवादा दनकौर, मथुरा, आगरा तक मिली। इसके बाद मोबाइल बंद हो गया। स्वाति के लापता होने के बाद दिल्ली पुलिस में एएसआई चाचा और अन्य परिजनों ने साजिश के तहत झूठी कहानी बनाई। परिवार के लोगों ने बच्चों को झूठ बोलने के लिए इस्तेमाल किया। ऐसे में विधिक राय लेकर कार्रवाई की जाएगी।
ट्रांजिट रिमांड पर ग्रेनो लाएगी पुलिस
पुलिस को छात्रा ने बताया कि अपहरण का मामला सही नहीं है। घटना के एक दिन पहले ही वह खुद प्रेमी के साथ चली गई थी। ग्रेटर नोएडा पुलिस कोतवाली नगर में आमद दर्ज कराने के बाद छात्रा व अनिमेष को हिरासत में लिया है। अदालत में बयान कराने के बाद पुलिस कोर्ट से ट्रांजिट रिमांड पर स्वाति को ग्रेटर नोएडा ले आएगी।
स्वाति के खाते में एक करोड़ जमा
स्वाति का बैंक अकाउंट खंगाला गया। इसमें एक करोड़ रुपये डिपॉजिट पाए गए हैं। पुलिस की माने तो स्वाति के परिवार वालों ने ग्रेटर नोएडा में पुश्तैनी जमीन बेची थी। इससे मिले रुपयों को उसके खाते में जमा किया गया है। स्वाति नोएडा में फैशन डिजाइनर का कोर्स भी कर रही है। फेसबुक के जरिये वह अनिमेष के संपर्क में चार साल पहले आई थी। दोनों में पहले दोस्ती हुई। इसके बाद दोस्ती प्रेम संबंध में बदल गई।
दोहरी चुनौती से निपटी पुलिस
अपहरण की झूठी कहानी रचने के बाद मामले को राजनीतिक मोड़ देने का भरसक प्रयास किया गया। 22 सितंबर को दादरी में मुख्यमंत्री का दौरा है। ऐसे में विपक्षी पार्टियों के नेता भी सक्रिय होकर सरकार व कानून व्यवस्था पर सवाल उठाने लगे। वहीं, ग्रामीणों ने तीन घंटे तक पहले राष्ट्रीय राजमार्ग जाम किया, फिर शाम को बादलपुर कोतवाली घेरी। ऐसे में पुलिस को कानून व्यवस्था बनाए रखने और छात्रा को सकुशल बरामद करने की दोहरी चुनौती से निपटना पड़ा। छात्रा की सकुशल बरामदगी के बाद ही पुलिस ने चैन की सांस ली। वहीं, सोशल मीडिया पर भी पुलिस कार्रवाई की जमकर प्रशंसा हो रही है।
परिवार में संपत्ति विवाद भी आया सामने
पुलिस को पता चला है कि छात्रा के दादा पंच हैं और वह कई बड़े विवादों का फैसला करा चुुके हैं। छात्रा के पिता की मृत्यु हो चुकी है। मां की बाद में पिता के भाई से ही शादी करा दी गई थी। परिवार में संपत्ति विवाद भी चल रहा है। पुलिस को इन दोनों कोणों से भी जांच करनी पड़ी।
ग्रेनो पुलिस ग्रेटर नोएडा से एक छात्रा के अपहरण के मामले में गोंडा आई थी। छात्रा एक युवक के साथ मिली है। मामले की जांच ग्रेनो की स्पेशल टीम कर रही है। जिले की पुलिस ने सिर्फ उनका सहयोग किया है। ग्रेनो पुलिस छात्रा का बयान कराने कोर्ट ले गई है। बयान के बाद ट्रांजिट रिमांड पर दोनों को लेकर ग्रेटर नोएडा रवाना होगी। - संतोष कुमार मिश्र, पुलिस अधीक्षक गोंडा