फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

नोएडा: वीजा अवधि समाप्त होने के बावजूद भारत में रहते थे 14 चीनी नागरिक, पुलिस ने भेजा डिटेंशन सेंटर

Thu, 14 Jul 2022 01:35 PM IST
प्राची प्रियम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नोएडा

सार

यूपी की स्पेशल टास्क फोर्स ने गुरुवार को चार चीनी नागरिकों को गिरफ्तार किया है। इनपर अवैध रूप से भारत में रहने का आरोप है। इसके अलावा  नोएडा पुलिस ने भी बुधवार को एक महिला सहित 14 चीनी नागरिकों को गिरफ्तार किया।
विज्ञापन
सांकेतिक फोटो - फोटो : Social Media
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

उत्तर प्रदेश पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स ने गुरुवार को चार चीनी नागरिकों को गिरफ्तार किया है। इनपर अवैध रूप से भारत में रहने का आरोप है। बता दें कि एसटीएफ चीन से जुड़े संदिग्ध हवाला रैकेट की जांच कर रही है। इसी क्रम में टीम ने नोएडा में छापा मारकर चारों आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
विज्ञापन


गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान जॉनसन उर्फ ही जुआंग, रेन उर्फ रेन चाव, जेंग हाओजे उर्फ जॉन और जेंग डाई के रूप में की गई है। चारों आरोपी 2020 से बिना वैध वीजा के ग्रेटर नोएडा में रह रहे थे। इसी आरोप में बीते 13 जून को गिरफ्तार किए गए चीनी नागरिक जुई फी उर्फ किले के साथ भी इनके तार जुड़े हुए हैं। किले को बीते दिनों उसकी महिला साथी पेटेकरिनुओ के साथ गिरफ्तार किया गया था। 22 वर्षीय पेटेकरिनुओ नागालैंड की रहने वाली है।

उत्तर प्रदेश पुलिस ने बिहार से नेपाल जाने की कोशिश के दौरान सशस्त्र सीमा बल द्वारा गिरफ्तार किए गए दो अन्य चीनी नागरिकों को पकड़ने के दौरान गुरुग्राम के एक होटल से जुई फी और पेटेकरिनुओ को गिरफ्तार किया था।
विज्ञापन


आरोप है कि जुई फी ने भारत में कई कंपनियों को लॉन्च किया था, जिनमें से अधिकांश फर्जी थे। जांचकर्ताओं के अनुसार, वह ग्रेटर नोएडा में एक अवैध लग्जरी रेस्ट्रो-बार भी चला रहा था, जिसमें मुख्य रूप से केवल चीनी संरक्षक थे। अधिकारियों ने बताया कि इस मामले में अभी हवाला कारोबार का मामला जांच का विषय है।

इससे इतर नोएडा पुलिस ने बुधवार को एक महिला सहित 14 चीनी नागरिकों को कथित तौर पर एक्सपायर्ड वर्क वीजा पर भारत में रहने के आरोप में हिरासत में लिया था।

सभी 14 आरोपी एक मोबाइल कंपनी में काम करते थे, लेकिन उनके वीजा की अवधि 2020 में समाप्त हो गई थी। अधिकारियों के अनुसार उन सभी चीनी नागरिकों को दिल्ली के एक निरोध केंद्र में भेजा गया था जहां उनके निर्वासन के लिए कार्रवाई शुरू कर दी गई।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें